प्रदर्शन करते राजपूत समाज के लोग।
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विधानसभा में सोमवार को राज्य सरकार के बर्खास्त मंत्री राजेंद्र गुढ़ा के साथ की गई मारपीट के बाद जिले के राजपूत समाज में आक्रोश भड़क गया। मंगलवार को राजपूत समाज के लोग लामबंद होकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पर पहुंच गए। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, शांति धारीवाल और महेश जोशी के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। डीएम को राज्यपाल एवं विधानसभा अध्यक्ष के नाम ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की है।
राजपूत समाज के युवा नेता राजा भैया ने बताया सोमवार को विधानसभा में झुंझुनू जिले के उदयपुरवाटी विधानसभा क्षेत्र के राजपूत समाज के कद्दावर नेता राजेंद्र गुढ़ा के साथ जो अमानवीय कृत्य हुआ है, उससे मानवता शर्मसार हुई है। इतिहास में पहली मर्तबा विधानसभा में ऐसा कृत देखने को मिला है। लोकतंत्र के मंदिर में संविधान की खुलेआम धज्जियां उड़ाई गई हैं।
हर किसी को अपनी बात रखने का अधिकार
उन्होंने कहा संविधान के मुताबिक हर किसी को अपनी बात रखने का अधिकार है, लेकिन कांग्रेस सरकार में उनके विधायक एवं मंत्री भी अपनी बात नहीं रख सकते हैं। राजेंद्र गुढ़ा ने सदन में बिगड़ती कानून व्यवस्था एवं महिला असुरक्षा का मुद्दा उठाया था। जिसे लेकर कांग्रेस की सरकार ने मंत्री राजेन्द्र गुढ़ा को बर्खास्त कर दिया। उसके बाद सोमवार को जब राजेन्द्र गुढ़ा विधानसभा पहुंचे तो सदन में उनकी सीट गायब थी। जब राज्य सरकार के काले कारनामों की लाल डायरी जब स्पीकर को पेश की तो बबाल खड़ा कर दिया।
राज्य सरकार ने राजपूत समाज के साथ कुठाराघात किया
राजपूत समाज के युवाओं ने कहा मंत्री शांति धारीवाल, रफीक खान विधायक समेत दो दर्जन विधायक एवं मंत्रियों ने राजेंद्र गुढ़ा के साथ सदन में मारपीट की है। सरकार के काले कारनामों की डायरी को छीन लिया गया है। उन्होंने कहा राज्य सरकार ने राजपूत समाज के साथ कुठाराघात किया है। राजपूत समाज के लोगों ने मंगलवार को लामबंद होकर कलेकट कार्यालय पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत एवं शांति धारीवाल एवं महेश जोशी के खिलाफ नारेबाजी कर हंगामा किया।
मंत्री शांति धारीवाल एवं महेश ज्योति को बर्खास्त करने की मांग
धौलपुर जिला कलेक्टर अनिल कुमार अग्रवाल को राज्यपाल एवं विधानसभा स्पीकर के नाम ज्ञापन प्रेषित किया है। ज्ञापन के माध्यम से मंत्री शांति धारीवाल एवं महेश ज्योति को बर्खास्त करने की मांग की है। इसके साथ ही राजेंद्र गुढ़ा को मंत्रिमंडल में वापस किए जाने की मांग रखी है। राजपूत समाज के युवाओं ने चेतावनी देते हुए कहा अगर राजेंद्र गुढ़ा को इंसाफ नहीं मिला तो राजपूत समाज आगामी विधानसभा एवं लोकसभा चुनाव में कांग्रेस का विरोध करेगा और सड़कों पर उतर कर आंदोलन किया जाएगा।