शहर में कोतवाली थाने से सटे श्रीसीतारामजी मंदिर में लूट के लिए एक शख्स ने ताले तोड़कर महंत पर हमला कर दिया। वारदात के दौरान पुलिसकर्मियों को आवाज लगाई, लेकिन चंद कदमों की दूरी नापने में पुलिसकर्मियों को 20 मिनट का समय लग गया। इतना ही नहीं थाने के पुलिसकर्मियों से पहले पीसीआर वैन मौके पर पहुंच गई।
पूरा घटनाक्रम सीसीटीवी में कैद हुआ। जिसमें साफ दिख रहा है कि आरोपी महंत नंदकिशोर पर ताबड़तोड़ हमला कर रहा है। महंत के बेटों का कहना है कि उन्होंने आरोपी लखन सिंह यादव को पकड़कर पुलिस के हवाले किया। ऐसे में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जयपुर शहर में छोटी चौपड़ पर श्रीसीतारामजी का प्राचीन मंदिर स्थित है। एक तरह से मंदिर की दीवार कोतवाली थाने से सटी हुई है। सीतारामजी मंदिर में शनिवार तड़के सुबह चार बजे हमलावर आरोपी लखन सिंह यादव मंदिर के गेट की कुंडी तोड़कर अंदर घुस गया। मंदिर महंत नंदकिशोर के सहयोगी त्यागी ने उसे भगाने का प्रयास किया, लेकिन उसने मंदिर में रखा घी का कलश त्यागी पर उलट दिया।
इस दौरान उसने अपने बदन पर भी घी लगा लिया। महंत नंदकिशोर आए तो फर्श पर घी के कारण फिसल कर गिर गए। दोनों लखन को पकड़ने का प्रयास करने लगे। उसने लाठी से पहला वार त्यागी के सिर पर मारा और फिर नंदकिशोर के सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार किया। इस बीच लोहे के सरिए से आरोपी ने नंदकिशोर के जबड़े पर हमला किया, जिससे उनके आठ दांत टूट गए।
महंत को बचाने आए बेटे, आरोपी को पुलिस के हवाले किया
इधर हल्ला सुनकर मंदिर परिसर में रह रहे महंत नंदकिशोर के बेटे विमल और दीपक शर्मा मंदिर की तरफ दौड़े। फर्श पर फैले घी के कारण महंत नंदकिशोर फिसल गए, लेकिन उन्होंने आरोपी को नहीं छोड़ा। इस बीच विमल और दीपक ने लखन को पकड़ लिया। इस दौरान दीपक भी एक बारगी फर्श पर फिसल गया लेकिन आरोपी को पकड़ लिया और बाद में दोनों आरोपी को पकड़कर थाने ले गए।
पूरा घटनाक्रम सीसीटीवी में कैद
मंदिर महंत पर हुए हमले का पूरा घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। सीसीटी कैमरे में आरोपी लखन यादव के मंदिर में प्रवेश करने से लेकर, धक्के देकर मंदिर की कुंदी तोड़ने सहित घी फैलाने तथा मंदिर महंत नंदकिशोर पर ताबड़तोड़ हमले की घटना कैद हो गई।
पुलिस की कार्यशैली पर सवाल?
मंदिर की दीवार और कोतवाली थाने की दीवार सटी हुई है। कोतवाली थाने का मुख्य दरवाजा मंदिर से महज चंद कदम दूर है। मंदिर महंत के बेटे विमल का कहना है कि वारदात के बाद मंदिर से संतरी को आवाज लगाई। संतरी थाने के अंदर बाहर हुआ, लेकिन पुलिसकर्मी नहीं आए। इसके बाद कंट्रोल रूम 100 नम्बर पर फोन कर वारदात की जानकारी दी। इसके बाद पीसीआर वैन मौके पर पहुंच गई, लेकिन थाने से पुलिकर्मी नहीं पहुंचे। करीब बीस मिनट बाद आरोपी को पकड़कर हम ही थाने ले गए और पुलिस को सौंप दिया।
आठ दांत टूटे, आठ टांकें सिर पर
परिजनों के अनुसार हमले में मंदिर महंत नंदकिशोर शर्मा के सिर में आठ टांके आए तथा आठ दांत टूट गए। चार ऊपर और चार दांत नीचे टूटे तथा चेहरे पर सूजन आ गई है। मंदिर महंत नंदकिशोर का पुलिस ने मेडिकल मुआयना करवाया और इस मामले में एफआईआर दर्ज की।