करौली जिले के करणपुर क्षेत्र में बे-मौसम भारी बारिश से करणपुर-भकुला नाला उफनाया हुआ है। इसमें कई लोग बीच नाले में फंस गए। नाले के बीचों-बीच कटा हुआ पेड़ पड़ा हुआ था। उस पर लोग जान बचाने के लिए चढ़ गए। फिर लोगों की चिल्लाने की आवाज आने पर आस-पास के लोगों ने मौके पर पहुंच कर जेसीबी और रस्से की सहायता से उन्हें बाहर निकाला।
करौली के करणपुर में स्थानीय लोगों ने बताया कि इस साल मई महीने में भी पश्चिमी विक्षोभ से आचनक तेज बारिश हुई है। इसके कारण पूरे क्षेत्र में भारी बारिश होने के कारण रास्तों में पानी भर गया और भकुला नाले में अचानक पानी आने से क्षेत्र के लोगों का आवागमन बाधित हो गया। इस समय शादी, विवाह का सीजन है, जिसमें लोगों को आने जाने के ले लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
भकुला-नाला में टोड़ा गांव के छह लोगों को बचाया
कस्बें से महज 5-6 किलोमीटर दूर भकुला नाला में टोड़ा गांव के रामदयाल मीना, चूनाराम मीना, धर्म सिंह मीना, संगीता मीना, गोलो, धीरजबाई पानी के बहाव में फंस गए। जिन्होंने भकुला नाले में डाब-घास पानी में पहले से ही गलाने के लिए रखी हुई थी। उन्होंने सोचा कि बारिश में नाले में पानी आएगा, तो दाब बह जाएगी। इसलिए ये लोग डाब को निकालने चले गए। अचानक पानी का बहाव तेज होने लगा, तो पास ही पड़े एक कटे हुए पेड़ पर नजर पड़ी। तो सारे ही लोग उस पेड़ पर जा बैठे और जोर-जोर से बचाव के लिए चीखने लगे। इतने में टोड़ा निवासी धारा सिंह मीना, रामनिवास मीना अध्यापक, रामबल मीना आए और बचाव कार्य में लग गए। कड़ी मशक्कत के बाद जेसीबी बुलाकर और रस्से की सहायता से उनको सुरक्षित बाहर निकाला गया।