आरोपी सुरक्षा गार्ड को पुलिस ने किया गिरफ्तार
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जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल में एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने अस्पताल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अस्पताल की एमआरआई लैब के चेंजिंग रूम में एक सुरक्षा गार्ड ने छिपकर कैमरा लगाया और वहां कपड़े बदल रही एक महिला का वीडियो बनाने की कोशिश की। इस घटना ने न केवल अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को कटघरे में खड़ा किया है, बल्कि यह भी सवाल उठाया है कि अगर अस्पताल में ही महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं, तो उनकी सुरक्षा कहां संभव है।
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एमआरआई लैब में चेंजिंग रूम में लगाया गया था कैमरा
जानकारी के मुताबिक, मथुरादास माथुर अस्पताल के न्यूरो वार्ड में भर्ती एक महिला की एमआरआई होनी थी। जब वह एमआरआई लैब में पहुंची और चेंजिंग रूम में कपड़े बदलने गई, तो उसे कुछ संदेह हुआ। उसने ध्यान से देखा तो पाया कि चेंजिंग रूम में एक हिडन कैमरा लगा हुआ है। यह देखकर महिला ने तुरंत इसकी शिकायत अस्पताल प्रशासन और पुलिस से की। जांच में पता चला कि यह कैमरा अस्पताल में सुरक्षा गार्ड के पद पर कार्यरत रहीमुद्दीन अब्बासी ने लगाया था। उसने अपना मोबाइल फोन चेंजिंग रूम में छिपाकर रखा था, ताकि वहां कपड़े बदल रही महिलाओं के वीडियो रिकॉर्ड कर सके। इस घटना ने अस्पताल में इलाज के लिए आने वाली महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा कर दी है।
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सुरक्षा गार्ड गिरफ्तार, पुलिस ने शुरू की जांच
महिला की शिकायत के बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और आरोपी सुरक्षा गार्ड रहीमुद्दीन अब्बासी को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। महिला के परिजनों ने शास्त्रीनगर थाने में इस मामले की औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। शास्त्रीनगर थाने के सीआई जुल्फिकार ने बताया कि पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस तरह की घटनाएं पहले भी हुई हैं या नहीं। प्रारंभिक जांच में आरोपी ने स्वीकार किया है कि उसने पहले भी इस तरह की हरकतें की हैं। पुलिस अब यह जानने की कोशिश कर रही है कि वीडियो बनाने का उसका मकसद क्या था और क्या इन वीडियो का इस्तेमाल ब्लैकमेलिंग या किसी अन्य गैरकानूनी गतिविधि के लिए किया गया है।