Jodhpur: जोधपुर ज्वैलर्स एसोसिएशन ने तय किया है कि वे तुर्की से आने वाली ज्वेलरी की बिक्री बंद करेंगे। संगठन के अध्यक्ष नवीन सोनी ने बताया कि तुर्की ने पाकिस्तान का साथ देकर भारत के साथ धोखा किया है, इसलिए अब व्यापारी उसके बनाए गहनों का बहिष्कार करेंगे।
पाकिस्तान ने फिर एक बार अपनी नापाक हरकत दिखाते हुए जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों से आम लोगों की हत्या करवाई। जवाब में भारतीय सेना ने सख्त कार्रवाई की। लेकिन अब जवाब सिर्फ सेना तक सीमित नहीं रहेगा। पाकिस्तान को मदद देने वाले देश तुर्की को भी अब भारतीय लोग उसी की भाषा में जवाब देंगे। भारत में अब आम लोग और व्यापारी संगठन तुर्की के खिलाफ आर्थिक बहिष्कार की तैयारी कर चुके हैं। दरअसल, खबर है कि तुर्की ने पाकिस्तान को ड्रोन और दूसरी तकनीकी मदद भेजी थी। तुर्की का यह कदम भारत को बिल्कुल मंजूर नहीं है। अब भारत के लोगों ने तुर्की की चीजों का बहिष्कार करने का फैसला किया है।
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जोधपुर के ज्वैलर्स ने कहा– नहीं लेंगे तुर्की की ज्वेलरी
इसी कड़ी में राजस्थान के जोधपुर शहर में ज्वैलर्स एसोसिएशन ने साफ कर दिया है कि वे अब तुर्की से बनने वाली ज्वेलरी नहीं खरीदेंगे। जोधपुर और आसपास के इलाके में लोग काफी मात्रा में सोना और गहने खरीदते हैं। यहां तुर्की की बनी हुई ज्वेलरी यानी तुर्किश ज्वेलरी बहुत पसंद की जाती है, क्योंकि ये वजन में हल्की होती है, लेकिन दिखने में भारी और सुंदर लगती है। अब जोधपुर ज्वैलर्स एसोसिएशन ने तय किया है कि वे तुर्की से आने वाली ज्वेलरी की बिक्री बंद करेंगे। संगठन के अध्यक्ष नवीन सोनी ने बताया कि तुर्की ने पाकिस्तान का साथ देकर भारत के साथ धोखा किया है, इसलिए अब व्यापारी उसके बनाए गहनों का बहिष्कार करेंगे।
पर्यटक भी रद्द कर रहे तुर्की की ट्रिप
ज्वैलर्स के साथ-साथ आम लोग भी तुर्की को जवाब देने के मूड में हैं। बड़ी संख्या में भारतीय पर्यटकों ने तुर्की की ट्रैवल बुकिंग्स रद्द करना शुरू कर दी हैं। यात्रा एजेंसियों का कहना है कि तुर्की जाने वाले टूरिस्ट अब दूसरे देशों का विकल्प तलाश रहे हैं। ठीक वैसे ही जैसे कुछ समय पहले मालदीव को लेकर भी भारत में विरोध हुआ था। भारत सरकार ने इस मामले में अभी तक कोई सीधी कार्रवाई नहीं की है, लेकिन विदेश मंत्रालय तुर्की के व्यवहार पर नजर रखे हुए है।