छोगाराम बिश्नोई(फाइल फोटो) और सलमान खान।
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काला हिरण शिकार मामले में कोर्ट में सलमान खान को पहचानने वाले छोगाराम बिश्नोई का बीते मंगलवार को निधन हो गया। छोगाराम काला हिरण मामले में चश्मदीदी गवाह थे। छोगाराम की गवाही के बाद ही सलमान खान को पांच साल की सजा हुई थी। छोगाराम लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उनके निधन पर विश्नोई समाज की ओर से श्रद्धांजलि दी गई है।
फिल्म स्टार सलमान खान से जुड़े बहुचर्चित काला हिरण शिकार मामले में छोगाराम बिश्नोई इकलौते चश्मदीद गवाह थे। उन्होंने सलमान खान को दो अक्टूबर 1998 की रात में कांकाणी की सरहद में काले हिरण का शिकार करते हुए देखा था। उस समय उन्होंने अपने भाइयों के साथ मिलकर संघर्ष भी किया था। छोगाराम विश्नोई लंबे समय से बीमार थे। छोगाराम की बीमारी में उनके शरीर में खून की मात्रा लगातार बढ़ती रहती थी। इस कारण से उनको बार-बार रक्तदान करना पड़ता था।
सलमान खान के घर के बाहर इसलिए बढ़ाई गई है सुरक्षा
वर्ष 1998 में जोधपुर में 'हम साथ साथ हैं' मूवी की शूटिंग के दौरान फिल्मी सितारे सलमान खान, सैफ अली खान, नीलम, तब्बू और सोनाली बेंद्रे पर काले हिरण का शिकार करने का आरोप लगा था। इस मामले में जोधपुर में केस भी दर्ज हुआ था। साथ ही अवैध हथियार रखने का मामला भी दर्ज किया गया था। इस मामले में सलमान खान को सजा भी हुई थी। सलमान खान इस मामले में अभी जमानत पर बाहर चल रहे हैं। बता दें कि सलमान खान को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई की तरफ से इसी मामले में लगातार धमकियां मिल रही हैं जिसके बाद उनके घर के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है. इन धमकियों के पीछे काला हिरण शिकार का मामला है।