राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के बेटे और बहू का मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने का आवेदन प्रशासन ने निरस्त कर दिया है। दोनों ने अटरू नगर पालिका के वार्ड 21 से आवेदन किया था। जांच में निवास संबंधी दावों की पुष्टि नहीं होने पर उपखंड अधिकारी (एसडीएम) अंजना सहरावत ने दोनों आवेदन खारिज कर दिए।
दोनों आवेदकों ने नई मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए आवेदन करते हुए दावा किया था कि वे पिछले छह महीने से वार्ड 21 में निवास कर रहे हैं। प्रशासनिक स्तर पर दस्तावेजों और निवास संबंधी तथ्यों का सत्यापन किया गया। जांच के दौरान मौके पर उनकी मौजूदगी और लगातार निवास से जुड़े पर्याप्त प्रमाण नहीं मिले।
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आवेदन पत्रों पर हस्ताक्षर के बजाय अंगूठे के निशान लगे होने पर भी संदेह हुआ। मामले की जांच के लिए एसडीएम अंजना सहरावत ने पांच सदस्यीय विशेष जांच समिति गठित की। समिति को वार्ड 21 में जाकर आवेदकों के निवास से जुड़े भौतिक और दस्तावेजी प्रमाणों की जांच के निर्देश दिए गए।
जांच समिति ने स्थानीय लोगों से पूछताछ करने के साथ संबंधित रिकॉर्ड की भी पड़ताल की। समिति ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि आवेदन में दिए गए निवास संबंधी दावों और वास्तविक स्थिति में अंतर पाया गया। रिपोर्ट के अनुसार दोनों आवेदक पिछले छह महीने से वार्ड 21 में निवास नहीं कर रहे थे। इसके बाद एसडीएम ने दोनों के आवेदन निरस्त कर दिए।