राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर जयपुर में पर्यटन विभाग ने शुक्रवार शाम पांच प्रमोशनल फिल्मों की लॉन्चिंग की। पर्यटन मंत्री विश्वेंद्र सिंह ने प्रसिद्ध फिल्म प्रोडक्शन हाउस एम/एस एक्सेल एंटरटेनमेंट, मुंबई के माध्यम से राजस्थान पर्यटन विभाग द्वारा बनाई गई पांच प्रचार फिल्मों का अनावरण किया।
ये पांच फिल्में देश और विदेशों में राजस्थान की संस्कृति की पर्यटन ब्रांडिंग को बढ़ावा देने के लिए राजस्थान पर्यटन विभाग द्वारा की गई पहल की शृंखला का हिस्सा हैं। समारोह में पर्यटन मंत्री विश्वेंद्र सिंह ने कहा कि "मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की दूरदर्शिता और सोच के कारण पर्यटन विभाग इतना आगे आ गया है। हम सिर्फ चेहरे और टीम हैं। तीन साल पहले हमारा पर्यटन विकास बजट 300 करोड़ रुपये था। यह बढ़कर 500 करोड़ रुपये हो गया और अब 1500 करोड़ रुपये हो गया है।'' उन्होंने कहा कि यह मुख्यमंत्री का ही प्रयास है कि होटल व्यवसाय को अब उद्योग माना गया है, जोकि 1989 से पेंडिंग था।
जंगल, रेगिस्तान, प्राकृतिक और सांस्कृतिक सौन्दर्य राजस्थान के पास-मुरारीलाल मीणा
समारोह को संबोधित करते हुए पर्यटन राज्य मंत्री मुरारी लाल मीना ने कहा, ''कोरोना महामारी समाप्त होने के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने होटल व्यवसाय को उद्योग का दर्जा देने का निर्णय लिया, बिजली पर सब्सिडी दी गई, जिससे तेजी से प्रगति हुई। राजस्थान में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। जिस प्रकार की भौगोलिक परिस्थितियां, जंगल, रेगिस्तान, प्राकृतिक और सांस्कृतिक सौन्दर्य राजस्थान के पास है, वैसा देश के किसी अन्य राज्य के पास नहीं है। पहले विदेशी पर्यटक राजस्थान में खूब आते थे, लेकिन अब राज्य में घरेलू पर्यटन भी बढ़ा है।
ये फिल्में राज्य पर्यटन विभाग द्वारा राजस्थान की शानदार विरासत की सर्वोत्कृष्टता को दर्शाने और राज्य के आतिथ्य की गर्मजोशी को व्यक्त करने का एक प्रयास है। फ़िल्में राजसी किलों और महलों के माध्यम से पूर्व शाही जीवन को फिर से जीने और अनुभव करने के माध्यम से आम आदमी के जीवन के साथ-साथ सड़क, मेलों और लोक संस्कृति के उत्सवों के माध्यम से एक आभास कराने वाली यात्रा है। राज्य के सुरम्य परिदृश्य, वास्तुकला की प्रतिभा और शानदार सांस्कृतिक विरासत से दर्शकों को मंत्रमुग्ध करने वाली ये फिल्में दर्शकों को राजस्थान आने के लिए मोटिवेट करेंगी।"
राजस्थान के रंग को महसूस करने के लिए एक जिंदगी काफी नहीं है-सीएस
इस अवसर पर संबोधित करते हुए मुख्य सचिव उषा शर्मा ने कहा कि ''मेरा मानना है कि राजस्थान के रंग को महसूस करने के लिए एक जिंदगी काफी नहीं है। चाहे रोमांच हो, साहस हो, राजसी ठाठ-बाट हो, त्योहार हों या व्यंजन, राजस्थान देश में सबसे पसंदीदा पर्यटन राज्य है। विभाग ने राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कई अभियान पहल की हैं। राजस्थान संभवतः एकमात्र राज्य है, जिसने पर्यटन को उद्योग घोषित किया है। इन्वेस्ट राजस्थान समिट के दौरान बड़ी संख्या में निवेशकों ने राज्य में निवेश करना शुरू कर दिया है।"
"लगे कुछ अपना सा" थीम - गायत्री राठौड़
प्रमुख सचिव पर्यटन गायत्री राठौड़ ने कहा, ''हमने हाल ही में फिल्म पर्यटन प्रोत्साहन नीति शुरू की है। यह नीति राजस्थान में फिल्मों की शूटिंग के लिए सब्सिडी देती करती है। राजस्थान सरकार के स्वामित्व वाले किसी भी स्मारक, स्थान और संपत्ति पर फिल्मांकन के लिए लागू सभी शुल्क और लेवी से छूट इसमें मिलता है। यह नीति राजस्थान में फिल्मों की शूटिंग के लिए सभी मंजूरी और सुविधा के लिए सिंगल विंडो सिस्टम उपलब्ध कराती है।"
राजस्थान आने वाला हर व्यक्ति अपने साथ एक कहानी लेकर जाता है-फरहान अख्तर
बॉलीवुड एक्टर फरहान अख्तर ने कहा- ''मैं कई बार एक पर्यटक के तौर पर और परफॉर्म करने के लिए राजस्थान आया हूं। यह घूमने के लिए सबसे अच्छी जगहों में से एक है और सबसे अच्छे लोग यहां रहते हैं, जिनसे मैं मिला हूं। मैं दोबारा यहां आकर बहुत खुश हूं। राजस्थान आने वाला हर व्यक्ति अपने साथ एक कहानी लेकर जाता है। यह एक खूबसूरत राज्य है। फरहान अख्तर ने राजस्थान को पर्यटन और फिल्मों की शूटिंग के लिहाज से बहुत शानदार प्रदेश बताया। उन्होंने राजस्थान पर्यटन और यहां के लोगों की मेहमान नवाजी की भी जमकर तारीफ की, उन्होंने कहा-मुझे बुलाया इसके लिए मैं आभार प्रकट करता हूं।"
पर्यटन उद्योग के भीतर कोई भी पहलू पीछे नहीं छोड़ा जाएगा-रश्मि शर्मा
इस अवसर पर पर्यटन विभाग की निदेशक डॉ. रश्मि शर्मा ने कहा, ''मैं मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को उनके इस दृष्टिकोण के लिए धन्यवाद देना चाहूंगी कि पर्यटन उद्योग के भीतर कोई भी पहलू पीछे नहीं छोड़ा जाएगा। चाहे वह ग्रामीण पर्यटन हो, साहसिक पर्यटन हो, हम उनके लगातार मार्गदर्शन के लिए उन्हें धन्यवाद देते हैं।'' उन्होंने स्पैन कम्युनिकेशंस प्राइवेट लिमिटेड सहित सभी हितधारकों को धन्यवाद दिया। लिमिटेड और 'रोमांस ऑफ राजस्थान' के प्रसिद्ध निर्देशक आर.बाल्की और इसके संगीत निर्देशक अनिल त्रिवेदी के अलावा अनावरण समारोह के दौरान उपस्थित अन्य गणमान्य व्यक्तियों को उनके समर्थन और सुझावों के लिए धन्यवाद दिया गया।
1500 करोड़ रुपये का पर्यटन विकास कोष स्थापित किया
राजस्थान की प्रचारात्मक फिल्में देश और विदेश के संभावित पर्यटकों और आगंतुकों तक पहुंचने की एक ऐसी पहल हैं। राजस्थान ने पर्यटन को अपने प्रमुख क्षेत्र में शामिल किया है। जिससे उद्यमियों को कई लाभ मिल रहे हैं। साथ ही इस क्षेत्र को उद्योग का दर्जा दिया गया है, जिससे वे सस्ती बिजली टैरिफ और यूडी करों के लिए पात्र बन गए हैं। इसके अलावा बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों और ब्रांडिंग और मार्केटिंग प्रैक्टिस को बढ़ावा देने के लिए 1500 करोड़ रुपये का पर्यटन विकास कोष स्थापित किया गया है। इन स्थानों पर पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए कई नए पर्यटन सर्किट और डेस्टिनेशंस विकसित किए जा रहे हैं। ये फिल्में राजस्थान की जीवंत विरासत के सार को प्रदर्शित करने के लिए विभाग द्वारा महीनों की कड़ी प्लानिंग और इम्प्लीमेंटेशन का परिणाम हैं। राजस्थान पर्यटन विभाग घरेलू और विदेशी बाजारों में खुद को बढ़ावा देने के लिए 360 डिग्री दृष्टिकोण पर आगे बढ़ रहा है और फिल्में इस दिशा में एक बड़ी उपलब्धि साबित होंगी।