राजस्थान में उपचुनाव अभी नहीं होंगे। आज यानी शुक्रवार को निर्वाचन आयोग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जम्मू-कश्मीर और हरियाणा में चुनाव की तारीखें घोषित की हैं। उम्मीद की जा रही थी कि इन राज्यों में चुनावों की तारीखों के घोषित होने के साथ राजस्थान की छह सीटों पर उपचुनाव भी करवा लिए जाएंगे।
राजस्थान की छह विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए अभी इंतजार और लंबा होगा। शुक्रवार को निर्वाचन आयोग ने जम्मू-कश्मीर और हरियाणा में चुनाव की तारीखें घोषित कर दीं। उम्मीद की जा रही थी कि इन राज्यों के चुनावों के साथ राजस्थान के उपचुनावों की तारीखों का एलान भी कर दिया जाएगा। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब संभावना यह है कि महाराष्ट्र में चुनावों की तारीखों का एलान करने के दौरान राजस्थान में उपचुनावों की तारीखों की घोषणा हो सकती है।
इसी साल होंगे इन छह सीटों पर उपचुनाव
प्रदेश की भजनलाल सरकार के गठन को अभी आठ महीने ही हुए हैं। लेकिन इन आठ महीने में अब तक उन्हें सात उपचुनावों का सामना करना पड़ रहा है। राजस्थान में जिन छह सीटों पर अब उपचुनाव होने हैं, उनमें दौसा, देवली-उनियारा, खींवसर, झुंझुनूं, सलूंबर और चौरासी विधानसभा सीट शामिल हैं। इन सीटों पर इसी साल के अंत में उपचुनाव होने हैं।
बता दें कि हाल में बीजेपी विधायक अमृतलाल मीणा के निधन के बाद सलूंबर सीट उपचुनाव के लिए खाली हो चुकी है। लोकसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हुए बागीदौरा विधानसभा सीट पर लोकसभा के साथ ही उपचुनाव हो चुके हैं। ये सीट कांग्रेस गठबंधन की भारत आदिवासी पार्टी के खाते में जा चुकी है। बीएपी के जयकिशन पटेल यहां से विधायक चुने जा चुके हैं।