नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ के शपथ ग्रहण समारोह में उन्होंने कहा कि राजनीति का दूसरा नाम उतार-चढ़ाव होता है। पद का मद होता जो किसी के भी सिर चढ़ जाता है, परंतु जो पद का मद नहीं करेगा वो ही आगे जा पाएगा। राजे ने कहा कि राजनीति में आपका काम ही बड़ा होता है, जनता के दिल में जगह मिल पाना ही सच्ची पूंजी है, जिसे यह मिल गया, उसे पद की क्या दरकार?
उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की मेहनत ने पार्टी को विश्व की बड़ी पार्टी बनाया है। ये कार्यकर्ता ही हैं, जिसने श्यामाप्रसाद मुखर्जी से लेकर अब तक सबका साथ दिया है। उन्होंने कहा कि हम पार्टी से ऊपर किसी को नहीं मानते, यदि मन में कुछ खटक भी रहा हो तो उसे पी जाते हैं। पार्टी सर्वोपरि है। उन्होंने मदन राठौड़ से कहा कि अब प्रदेशाध्यक्ष के रूप में इन कार्यकर्ताओं को संभालने का काम करें। इन्हें जोड़ें, सब प्यारे लोग हैं। वैसे यह आसान काम नहीं है लेकिन सबको साथ लेकर चलें।
कार्यक्रम में नहीं पहुंचे केंद्रीय मंत्री
प्रदेश के केंद्रीय मंत्रियों भूपेंद्र यादव, गजेंद्र सिंह शेखावत और अर्जुन मेघवाल के कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाने पर नवनियुक्त अध्यक्ष मदन राठौड़ ने मंच से अपने पहले भाषण में ही उनका नाम लेकर अपनी मंशा साफ कर दी। उन्होंने कहा कि सभी ने वादा किया था परंतु किसी कारण नहीं पहुंच पाए, लोकसभा चल रही है इसलिए सिर्फ शनिवार और रविवार का ही दिन अपने क्षेत्र में जाने के लिए मिलता है इसलिए किसी काम में अटक गए होंगे। राठौड़ ने अपनी सहजता का परिचय देते हुए कहा कि आज मुझसे चूक हो सकती है मुझे माफ करना। उन्होंने बिना नाम लिए राजे की बात पर जवाब देते हुए कहा कि मंच ने जो आदेश दिया है, उसे पूरा करूंगा और कार्यकर्ताओं और सरकार के बीच सेतु का काम करूंगा और वसुंधरा राजे के गुरु मंत्र को याद रखते हुए काम करूंगा।