हिंसा का जवाब हिंसा नहीं हो सकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में रामनवमी पर 7-8 राज्यों में हिंसा हो गई। करौली में पहले ही हिंसा हो गई थी। इस दौरान नुकसान किसी का भी हुआ हो भाजपा सोशल मीडिया पर चलाएंगी कि दूसरे पक्ष का नुकसान हुआ है। हिंदू-मुस्लिम की बात कर देंगे, नुकसान अगर मुस्लिम का होगा तो ये कह देंगे कि हिंदुओं को बहुत बड़ा नुकसान हो गया है। इतनी खतरनाक राजनीति चल रही है। देशवासियों को समझना पड़ेगा कि सच्चाई क्या है? खाली धर्म के नाम पर एक तरफ से सोचने लग जाएंगे तो वह देशहित में नहीं होगा। मेरा मानना है कि हिंसा का नाम देश और दुनिया में कहीं होना ही नहीं चाहिए, ये गांधी जी ने हमें सिखाया था। हिंसा का जवाब हिंसा नहीं हो सकता।
पीएम सांसदों से कहते हैं कि आप कुछ कर नहीं रहे
गहलोत ने कहा कि प्रधानमंत्री जी प्रदेश के सांसदों को बुलाकर कहते हैं कि आप लोग राजस्थान में कुछ नहीं कर पा रहे हैं। आप वही काम करो जो किरोड़ी मीणा कर रहे हैं, मतलब धमाल पट्टी करो, कानून तोड़ो, लोगों को भड़काओ, आग लगाओ। क्या यह सही है? प्रधानमंत्री को चाहिए कि देश को संबोधित करें कि हिंसा बर्दाश्त नहीं करेंगे। अगर यह बात मैं प्रधानमंत्री जी से कहता हूं तो इसमें बुराई क्या है?
भाजपा में सीएम पद के छह उम्मीदवार
गहलोत ने राजस्थान के नेताओं की जेपी नड्डा के साथ हुई बैठक पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा कि नड्डा जी कह रहे हैं कि कांग्रेस को सत्ता से बाहर करने के लिए एकजुट रहना पड़ेगा। भाजपा ने मुख्यमंत्री पद के 6 उम्मीदवार बना दिए हैं। वसुंधरा राजे को पीछे धकेल दिया। अब 6 उम्मीदवार बनाओगे तो भुगतना आपको ही पड़ेगा। यह हमारे लिए भी मुसीबत है। एक नेता हो तो उससे प्रदेश के मुद्दों पर बात कर के हल किया जाए। यह माहौल तो भाजपा ने खत्म ही कर दिया है। नेता प्रतिपक्ष हैं वो महाराणा प्रताप और माता सीता को लेकर क्या क्या बोल रहे हैं सब जानते हैं।