जैसलमेर में सुरक्षा एजेंसी की कार्रवाई
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दस दिन पहले राज्य की सुरक्षा एजेंसी ने पाकिस्तान में फोन से संपर्क करने पर 9 लोगों को हिरासत में लिया था। एजेंसी ने चार संदिग्धों को पूछताछ के बाद छोड़ दिया है। सूत्रों के अनुसार जैसलमेर जिले में हुई इस कार्रवाई में पोकरण इलाके से पांच, जैसलमेर शहर से एक और किशनगढ़ इलाके से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया था।
खुफिया एजेंसी ने संदिग्धों से कड़ी पूछताछ की। पूछताछ में सभी के मोबाइल फोन को खंगाला गया। पकड़े गए 9 लोगों में से पोकरण से पकड़े गए 5 लोगों को छोड़ दिया गया था, लेकिन उनके मोबाइल फोन को जांच के लिए रख लिया गया था। जैसलमेर शहर से पकड़े गए एक युवक और किशनगढ़ इलाके से पकड़े गए 3 युवकों को स्टेट इंटेलिजेंस की टीम अपने साथ जोधपुर लेकर गई थी। पूछताछ के बाद उन चारों को भी छोड़ दिया गया है। हालांकि, इस पूरे ऑपरेशन को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है लेकिन बताया जा रहा है कि सरहद पर सुरक्षा को लेकर सुरक्षा एजेंसियों का ये बड़ा ऑपरेशन था।
सरहद पार से फोन पर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
कुछ दिन दिन पहले सरहद पर सुरक्षा एजेंसियों द्वारा अब तक का सबसे बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया गया था। बताया जा रहा है कि भारतीय वायुसेना के सरहद पर आयोजित होने वाले सबे बड़े फायर पावर डेमोस्ट्रेशन को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा को लेकर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई थी। उस दौरान सरहद पार संपर्क साधने वालों पर नजर रखी जा रही थी। वायुशक्ति को लेकर सरहद पार की एजेंसियां भी नजर बनाए रखने के लिए जैसलमेर के लोगों को अलग-अलग नाम से फोन करके जानकारी जुटा रही थी। बताया जा रहा है कि जिन लोगों ने उन नंबरों से बातचीत की या उनसे वापस संपर्क साधने की कोशिश की उन लोगों को स्टेट इंटेलिजेंस की टीम ने हिरासत में लेकर पूछताछ की। उस दौरान 9 लोगों को अलग-अलग जगहों से डिटेन करके उनके मोबाइल फोन जब्त करके पूछताछ की गई।
कई बड़े नाम थे शामिल
हालांकि, सुरक्षा एजेंसियों ने इस बारे में उनके नामों का खुलासा नहीं किया लेकिन सूत्रों ने बताया कि इन 9 लोगों में कई बड़े नाम भी शामिल थे, जो इस पूछताछ का हिस्सा थे। सूत्रों ने बताया कि सबको हिदायत दी गई है कि सभी अंतरराष्ट्रीय फोन कॉल आने पर इंटेलिजेंस को अवगत करवाएंगे।