जिले में हुई बारिश ने तबाही मचा दी है। बांध, नदी, तालाब, पोखर और जलाशय पानी से लबालब भर चुके हैं। जिले के सबसे बड़े पार्वती बांध की झोली पानी से भर चुकी है। करौली एवं जिले के डांग क्षेत्र से पानी की आवक अधिक होने की वजह से सिंचाई विभाग ने रविवार सुबह पार्वती बांध के 10 गेट खोलकर 17060 क्यूसेक पानी पार्वती नदी में रिलीज किया है।
जल संसाधन विभाग के एईएन दिनेश परमार ने बताया करौली एवं जिले के डांग क्षेत्र में हुई बारिश का पानी पार्वती डैम में पहुंच रहा है। पार्वती बांध की भराव क्षमता 223.41 मीटर है। मौजूदा वक्त में जल स्तर 223.40 मीटर तक पहुंच गया है। बांध के कैचमेंट एरिया में पानी की जोरदार आवक हो रही है। उन्होंने बताया शानिवार को मूसलाधार बारिश हुई थी। बारिश की वजह से पानी में भारी इजाफा हो रहा है। रविवार सुबह बांध के 10 गेट तीन फ़ीट खोलकर पानी डिस्चार्ज किया जा रहा है। उन्होंने बताया बांध के कैचमेंट एरिया में पानी की जोरदार आवक हो रही है। जरूरत पड़ने पर और अधिक गेट खोले जा सकते हैं।
गेज मेंटेन करना जरूरी
एईएन दिनेश परमार ने बताया पार्वती बांध की भराव क्षमता 223.41 मीटर से महज 01 सेंटीमीटर खाली है। गेज को मेंटेन करने के लिए पानी रिलीज किया जा रहा है। करीब 10 सेंटीमीटर बांध से पानी की निकासी की जाएगी। सिंचाई विभाग की टीम अलर्ट मोड पर है। गेज पर पैनी नजर रखी जा रही है।
साल 2021 में बिगड़े थे हालात
वर्ष 2021 में धौलपुर जिले में पार्वती बांध से हालात बिगड़े थे। करौली और धौलपुर जिले में हुई बारिश ने तत्कालीन समय पर महज दो दिन के अंदर बांध को लबालब भर दिया था। पानी की अधिक आवक होने पर 18 गेट खोलकर पानी रिलीज किया था। तत्कालीन समय पर बसेड़ी, बाड़ी, सैंपऊ और धौलपुर उपखंड के करीब 50 गांव बाढ़ से प्रभावित हुए थे।