शुक्रवार को मतदान के दौरान बायतु पुलिस द्वारा कथित रूप से कार्यकर्ताओं से मारपीट एवं अभद्र व्यवहार किए जाने से नाराज शिव विधायक एवं लोकसभा चुनाव के निर्दलीय प्रत्याशी आज बड़ी संख्या में समर्थकों के साथ बालोतरा पहुंचे। वे यहां जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला पुलिस अधीक्षक से मिलकर अपनी शिकायत दर्ज करवाएंगे। भाटी के बालोतरा पहुंचने की खबर फैलते ही आसपास के क्षेत्र से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता भी बालोतरा में इकट्ठे हो गए। बातचीत के बाद भाटी एसपी ऑफिस के बाहर धरने पर बैठ गए।
निर्दलीय प्रत्याशी रविंद्र भाटी ने जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि उनके पक्ष में वोट डालने के लिए आ रहे मतदाताओं को परेशान करने, रोकने एवं बायतु के एक बूथ के बाहर कार्यकर्ताओं से मारपीट करने वाले पुलिस के जवान और दूसरे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई नहीं की गई तो वे उग्र प्रदर्शन करेंगे।
इधर भाटी के बालोतरा पहुंचने से पहले ही एसपी और कलेक्टर ऑफिस के आसपास भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। भाटी समर्थकों ने यहां पहुंचकर जमकर नारेबाजी की। भाटी की ओर से जिला प्रशासन को दी गई शिकायत में बताया गया है कि पुलिस के कुछ जवानों ने कार्यकर्ताओं से जबरन मारपीट की और घायल कार्यकर्ताओं का उपचार भी नहीं करवाया।
इससे पहले शुक्रवार को पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेसी नेता हरीश चौधरी ने भी बाड़मेर जिला कलेक्ट्रेट में धरना देकर चुनावी इंतजामों पर सवाल उठाए थे। हरीश चौधरी ने कांग्रेस के प्रतिद्वंद्वी दोनों ही प्रमुख प्रत्याशियों पर कांग्रेस के समर्थन में वोट देने के लिए आने वालों को परेशान करने का आरोप लगाया था।
गौरतलब है कि बाड़मेर के शिव, बायतु एवं कई इलाकों के ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिद्वंद्वी पार्टियों एवं निर्दलीय के समर्थकों के बीच आपस में विवाद हो गया था। इसके चलते थुंबली गांव के एक बूथ में तो कुछ देर के लिए मतदान रोकना भी पड़ा था हालांकि बाद में पुन: मतदान प्रक्रिया शुरू की गई थी।