बारां जिले में पुलिस ने किया लाठीचार्ज
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बारां में एक बछड़े की मौत के विरोध में सोमवार को शहर बंद रहा। वासुदेव गौ सेवा समिति के आह्वान पर गौसेवक और विभिन्न हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता सुबह से ही सड़कों पर उतर आए। शहर के प्रमुख बाजार बंद कराए गए, जबकि पूर्व घोषणा के अनुसार मेडिकल स्टोर व आवश्यक सेवाएं खुली रहीं।
विधायक ने दिया जांच का आश्वासन
आज सुबह करीब 7 बजे प्रदर्शनकारी प्रताप चौक पर एकत्रित हुए और वहां से जुलूस निकाला गया। जुलूस विभिन्न मार्गों से होता हुआ विधायक राधेश्याम बैरवा के निवास तक पहुंचा, जहां धरना देकर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की गई। विधायक ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उचित जांच का आश्वासन दिया, जिसके बाद धरना समाप्त कर दिया गया।
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पथराव के बाद पुलिस ने किया लाठीचार्ज
इसी दौरान प्रताप चौक पर स्थिति तनावपूर्ण हो गई। प्रदर्शनकारी जिला कलेक्टर को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे। पुलिस के अनुसार कुछ उपद्रवियों द्वारा पथराव किए जाने के बाद हालात बिगड़े और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा, इसके बाद भीड़ तितर-बितर हो गई।
SP ने की शांति बनाए रखने की अपील
शहर में पुलिस पर पथराव और पुलिस की तरफ से लाठीचार्ज के बाद मीडिया से बात करते हुए जिले के पुलिस अधीक्षक अभिषेक अभिषेक अंडासु ने कहा कि अभी हालात काबू में हैं। मैं शहर के लोगों से यह कहना चाहता हूं कि अगर आपको किसी प्रकार की कोई समस्या है तो आप हमारे पास आइए हम आपकी पूरी सहायाता करेंगे।
क्यों किया गया था बंद?
बता दें कि मामला बरडिया क्षेत्र का है, जहां शुक्रवार को बालाजी के पास एक बछड़े का शव मिला था। आरोप है कि बछड़े को मारकर सड़क किनारे फेंका गया। घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। इसके बाद रविवार रात आर्य वाटिका में आयोजित बैठक में समिति और अन्य संगठनों ने सोमवार को बारां बंद का निर्णय लिया था।