अलवर में एक युवती को प्रेम जाल में फंसा कर दुष्कर्म करने का मामला सामने आया है। थानों में दर दर भटकने के बाद भी कार्रवाई नहीं होने के चलते पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक आनंद शर्मा से न्याय की गुहार लगाई है। वहीं, पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक के समक्ष ज्ञापन सौंप कर पुलिस पर लापरवाही और कार्रवाई नहीं करने का भी आरोप लगाया। पीड़िता ने आरोपी के परिजनों पर जान से मारने की धमकी देने के साथ राजीनामा करवाने का भी दबाव बनाने का आरोप लगाया है।
पीड़िता ने कहा, मैं साल 2017 में स्कूल में पढ़ती थी। इस दौरान मेरी मुलाकात मेरी एक दोस्त की मार्फत दीपक सिंह शेखावत से हुई। जो कि रायपुर-हरसौली (खैरथल) का रहने है। वह मेरे पास आया बैठा बातचीत की, फिर दोस्त बनने के लिए कहा। फिर फोन नंबर दिया अपना। उसने मुझसे कहा कि अलवर आ जाओ, घूम जाओ। फिर उसने मुझे मेरे घर से बाइक पर बैठाया और मुझसे दोस्ती बढ़ाई और कहा कि मैं कंप्टीशन एग्जाम देता हूं। अलग-अलग जगह जाता हूं तो वहां अपन घूमने जाएंगे।
इस दौरान दीपक ने मुझे घूमने जाने के बहाने गुड़गांव, अहमदाबाद, आगरा, धारूहेड़ा और विलासपुर स्थित होटल में ले जाकर मेरे साथ शारीरिक शोषण किया। जब मैंने इस बात का विरोध किया तो उसने कहा कि मैं तुमसे शादी करूंगा। साल 2017 में मेरी उससे मुलाकात हुई और लगातार सात साल से वह मेरे साथ शारीरिक शोषण कर रहा। इसको लेकर मैंने कई बार थाने में शिकायत भी की और मुकदमा भी दर्ज करवाया। लेकिन पुलिस ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। उल्टा मुझ पर राजीनामा करने का दबाव बना रही है।
वहीं, आरोपी युवक दीपक और उसके परिजनों द्वारा मुझे जान से मारने की धमकी दी जा रही है और मुझ पर और मेरे परिवार पर पैसे की मांग करने का आरोप लगा रहे हैं। यही नहीं आरोपी दीपक द्वारा सोशल मीडिया पर मुझे लगातार धमकी भरे मैसेज किए जा रहे हैं, जिससे परेशान होकर मैंने पुलिस अधीक्षक आनंद शर्मा के समक्ष न्याय की गुहार लगाई है। ताकि मुझे न्याय मिल सके। धारा 363, 366, 376 के तहत तातारपुर थाने मामला दर्ज करवाया है। युवती इसी थाना क्षेत्र की रहने वाली है।
डिप्रेशन में आकर युवक ने की आत्महत्या
अलवर शहर कोतवाली थाना अंतर्गत सिद्धपुर मोहल्ला हनुमान जी की गली में एक 40 वर्षीय युवक ने फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। थाना पुलिस ने मृतक का पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया। मृतक के परिजन ओमप्रकाश वशिष्ठ ने बताया, आज से एक महीने पूर्व कोतवाली क्षेत्र मैं एक मंदिर में एक पुजारी काम करता था, तभी वहां पर रिटायर्ड पुलिसकर्मी नाम अखिलेश गार्ड की नौकरी करता था। मंदिर में आए दान को लेकर उन दोनों में कहासुनी हुई। उसके बाद अखिलेश ने मंदिर के पुजारी के ऊपर SC-ST लगा दी और मामला दर्ज करवा दिया।
परिजनों का आरोप है, मृतक से केस वापस लेने की एवज एक लाख रुपये की डिमांड करता था। मृतक ने इस बारे में अपने घर वालों को भी कुछ नहीं बताया। उसके बाद मंगलवार देर शाम को डिप्रेशन में आकर फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। कोतवाली थाना पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमॉर्टम करवा कर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच पड़ताल में जुटी है और जो भी इसमें दोषी होगा, उसकी तलाश कर रही है।
वैशाली नगर थाना क्षेत्र में चोरी
अलवर में वैशाली नगर थाना क्षेत्र के खुदनपुरी में दिनदहाड़े एक अनजान युवक घर में घुसकर सोने चांदी के जेवरातों पर हाथ साफ कर फरार हो गया। हालांकि, इस दौरान अनजान शख्स पड़ोस में लगे कैमरे में कैद हो गया, जिसके आधार पर पुलिस आरोपी को तलाश कर रही है।
घटना के संबंध में अधिक जानकारी देते हुए पीड़ित निहाल सिंह ने बताया, उसकी पत्नी रोडवेज में कर्मचारी है। घटना के वक्त दोनों ड्यूटी पर गए हुए थे। घर पर बेटा-बेटी थे। इस दौरान एक शख्स घर आया, जिसने अपना नाम बिट्टू और मेरा परिचित बताया। उसके बाद अनजान युवक ने दोनों बच्चों को डरा धमकाकर अलमारी की चाबी ली और अलमारी में रखी सोने की अंगूठी व चेन लेकर फरार हो गया। बदमाश युवक ने जाते वक्त दोनों बच्चों को बाहर न निकलने व किसी को बताने पर मारने की धमकी दी। घटना के बाद दोनों बच्चों ने फोन कर अपने परिजनों को सूचित किया, जिसके बाद परिजन घर पहुंचे और घटना के संबंध में वैशाली नगर थाना पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई।