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Ajmer News: शराब छुड़वाने के बहाने परिवार को बहलाकर कराया धर्म परिवर्तन, पीड़ित युवक ने लगाया आरोप

Sat, 24 May 2025 02:17 PM IST
अजमेर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर

सार

शहर के एक युवक ने पादरी पर शराब की लत छुड़वाने के बहाने परिवार को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन करवाने का आरोप लगाया है। मामले की शिकायत मिलने के बाद अजमेर पुलिस भी हरकत में आ गई है और जांच में जुट गई है।
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पादरी पर युवक ने लगाया धर्मांतरण का आरोप
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विस्तार
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शहर में एक युवक ने पादरी पर उसके परिवार को बहला-फुसलाकर धर्मांतरण के लिए मजबूर करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित युवक ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में इस संबंध में लिखित शिकायत दी है, जिसमें उसने पादरी द्वारा धार्मिक आस्थाओं के साथ छेड़छाड़ और प्रलोभन देकर ईसाई धर्म अपनाने का दबाव बनाने की बात कही है।

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फॉयसागर रोड निवासी युवक का कहना है कि उसकी शराब की लत छुड़वाने के बहाने पादरी ने उससे संपर्क साधा। कुंदन नगर में रहने वाले उक्त पादरी से मिलने पर उसने युवक को एक दवा जैसा पेय पिलाया और यीशु मसीह से प्रार्थना करने को कहा। इसके बाद युवक पादरी के कहने पर हर रविवार बाइबल सेंटर जाने लगा।

धीरे-धीरे पादरी ने युवक की पत्नी से भी संपर्क करना शुरू किया। युवक का आरोप है कि एक दिन जब वह घर पर नहीं था, तो पादरी ने उसकी पत्नी से देवी-देवताओं की तस्वीरें हटवा दीं और पूजा-पाठ बंद करवा दिया। इसके अलावा अगरबत्ती जलाने से भी मना कर दिया। शिकायत में युवक ने यह भी कहा कि पादरी ने उसकी पत्नी और साली को हिंदू धर्म के खिलाफ भड़काया। नतीजतन उसकी साली ने ईसाई धर्म स्वीकार कर लिया और अब पादरी उसकी पत्नी और बच्चों पर भी धर्मांतरण का दबाव बना रहा है।
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पीड़ित ने पादरी पर आरोप लगाया कि वह पहले भी कई लोगों को शराब छुड़ाने, टोने-टोटके दूर करने और आर्थिक मदद का लालच देकर ईसाई बना चुका है। हर रविवार वह कई लोगों को बाइबल सेंटर बुलाकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित करता है।

इस मामले को लेकर अजमेर पुलिस भी हरकत में आ गई है। एडिशनल एसपी सिटी हिमांशु जांगिड़ ने बताया कि पीड़ित की शिकायत प्राप्त हो गई है और मामले की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

गौरतलब है कि धार्मिक आधार पर किसी भी प्रकार का जबरन परिवर्तन या आस्था से खिलवाड़ भारतीय कानूनों के तहत दंडनीय अपराध है। अब देखना यह है कि जांच में क्या निष्कर्ष निकलता है और पुलिस की कार्रवाई किस दिशा में जाती है। फिलहाल पीड़ित युवक को न्याय मिलने की उम्मीद है और प्रशासन पर मामले को निष्पक्ष रूप से सुलझाने का दबाव भी बढ़ गया है।

 

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