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अजमेर में सीआरपीएफ जवान को बनाया शिकार: मदद के बहाने कार में बैठाया, फिर वीडियो बनाकर ट्रांसफर कराए 89 हजार

Tue, 29 Sep 2026 02:21 PM IST
हिमांशु सिंह बघेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर

सार

अजमेर में सीआरपीएफ जवान को मदद के बहाने बुलाकर बंधक बनाने और मारपीट करने का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने जवान का आपत्तिजनक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया और योनो व यूपीआई के जरिए 89 हजार रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवाए।
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पुलिस ने चार शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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अजमेर के क्रिश्चियन गंज (कृष्णगंज) थाना पुलिस ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के एक जवान को मदद के बहाने बुलाकर बंधक बनाने, मारपीट करने, अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और ऑनलाइन 89 हजार रुपये लूटने के मामले में कार्रवाई की है। पुलिस ने वारदात में शामिल चार आरोपियों को बापर्दा गिरफ्तार किया है। वारदात में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट कार भी बरामद कर ली गई है।
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क्या है पूरा मामला?
पुलिस अधीक्षक (आईपीएस) हर्षवर्धन अग्रवाला के अनुसार, परिवादी किशोर कुमार निवासी सिटावट, परबतसर, डीडवाना-कुचामन और हाल निवासी EWS-106, अरावली होम, जनाना रोड, अजमेर, सीआरपीएफ में जवान हैं।पीड़ित ने थाने में दी गई रिपोर्ट में बताया कि 25 सितंबर 2026 की रात करीब 10 बजे जब वह अपने फ्लैट पर थे, तभी उनके मोबाइल ऐप पर मदद की गुहार का एक संदेश आया। मदद के लिए उन्हें जनाना अस्पताल के पास बुलाया गया। जब जवान मौके पर पहुंचे तो वहां एक सफेद स्विफ्ट कार में मौजूद युवक ने कहा कि 'मरीज आगे है' और उन्हें इलाइट वाटिका के पास गाड़ी में बैठा लिया। जवान के बैठते ही गाड़ी में उसके तीन अन्य साथी भी आ गए और उन्होंने जवान के साथ मारपीट शुरू कर दी।

कपड़े उतरवाकर बनाया वीडियो, लूटे 89 हजार रुपये
बदमाशों ने जवान के कपड़े उतरवाकर आपत्तिजनक वीडियो बना लिया और गलत काम करने का झूठा आरोप लगाते हुए धमकाया।
  • जवान के सीआरपीएफ पहचान पत्र/एप्लिकेशन का वीडियो बनाया।
  • परिवार वालों के फोन नंबर ले लिए और धमकी दी कि यदि किसी को बताया या पुलिस में शिकायत की तो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देंगे।
  • पीड़ित का सिर नीचे झुकाकर करीब दो घंटे तक गाड़ी में घुमाते रहे।
  • दबाव बनाकर योनो और यूपीआई के जरिए पीड़ित के खाते से कुल 89 हजार रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवा लिए।
बाद में जवान को उसकी बाइक के पास छोड़ दिया। बदमाशों ने मोबाइल से सिम निकालकर फोन वापस दिया और फरार हो गए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस थाना क्रिश्चियन गंज में प्रकरण संख्या 283/2026**, धारा 127(7), 309(6), 3(5) बीएनएस (BNS) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
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150 से 200 सीसीटीवी खंगाले, पुलिस ने ऐसे दबोचा
वारदात की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु जांगिड़ और पुलिस उप अधीक्षक (उत्तर) शिवम जोशी के निर्देशन में थानाधिकारी अरविंद सिंह चारण के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई।
पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास, होटल-ढाबों और टोल प्लाजाओं के करीब 150 से 200 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज चेक किए। तकनीकी डेटा और साक्ष्यों का गहन विश्लेषण करने के साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। सटीक सूचना मिलने पर पुलिस ने चारों आरोपियों को दस्तयाब कर बापर्दा गिरफ्तार कर लिया।

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गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
  • जयराम चौधरी (18 वर्ष) पुत्र रामेश्वर लाल, निवासी मुण्डेलों की ढाणी, कोटड़ी, थाना रूपनगढ़, जिला अजमेर।
  • दयाराम ढाका (20 वर्ष) पुत्र टोडूराम, निवासी निम्बोला, थाना पीलवा, जिला डीडवाना-कुचामन।
  • राकेश गोदारा (23 वर्ष) पुत्र आशुराम, निवासी पालड़ी कड़वा, थाना पीलवा, जिला डीडवाना-कुचामन।
  • राहुल यादव उर्फ रॉकी (19 वर्ष) पुत्र नवल किशोर यादव, निवासी लालपुरा, थाना कालवाड़, जिला जयपुर।
बरामदगी और आगे की जांच
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पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त एक बिना नंबर की स्विफ्ट वीएक्सआई (Swift VXI) कार बरामद कर ली है। पुलिस अब आरोपियों से लूटी गई रकम की रिकवरी और अन्य वारदातों के संबंध में गहन पूछताछ कर रही है।
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