राजस्थान के सभी सरकारी स्कूलों को समग्र शिक्षा में कम्पोजिट स्कूल ग्रान्ट के तहत नॉमिनेशन के आधार पर हर साल 10 हजार से 1 लाख रुपए तक ट्रांसफर किए जाते हैं। इन पैसों से स्कूलों में पीने के पानी की व्यवस्था, बिजली बिल का पेमेंट, इंटरनेट संबन्धित कामों के साथ-साथ स्कूलों में मरम्मत काम किए जाते हैं। सीएम गहलोत ने मरम्मत से बचीं 1923 सरकारी स्कूलों के लिए 120 करोड़ रुपए के वित्तीय प्रोविजन को मंजूरी दी है।
सरकारी स्कूलों में क्वालिटी एजुकेशन के लिए कई स्कीम्स
राजस्थान सरकार प्रदेश के सरकारी स्कूलों की हालत सुधारने और शिक्षा क्षेत्र में कुछ महत्वपूर्ण कदम उठा रही है। जिसके तहत यह निर्णय लिया गया है। प्रदेश में क्वालिटी एजुकेशन के लिए महात्मा गांधी इंग्लिश मीडियम स्कूल , प्री प्राइमरी एजुकेशन के लिए लव-कुश वाटिका, स्टूडेंट्स को सप्ताह में दो दिन दूध के लिए मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना, फ्री यूनिफार्म स्कीम सहित कई महत्वपूर्ण योजनाएं चलाई जा रही हैं।