दो दिन पहले एनआरआई सुखचैन सिंह को घर में घुस कर गोलियां मारने के आरोप में पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी वारदात के बाद होशियारपुर में बनी एक धर्मशाला में जाकर कमरा लेकर छुप गए थे। पुलिस आरोपियों को ढूंढने के लिए लगातार छापेमारी कर रही थी। आरोपियों के होशियारपुर में छुपे होने की सूचना मिली तो टीम मौके पर पहुंचे और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
पकड़े गए आरोपियों में गोलियां चलाने वाले सुखविंदर सिंह और गुरकिरत सिंह भी शामिल है। इस बात की पुष्टि पुलिस कमिश्नर रंजित सिंह ढिल्लो ने की है। इसके अलावा तीसरे आरोपी का नाम सुखविंदर सिंह उर्फ सभी है जो की वारदात के समय घर के बाहर निगरानी कर रहा था। फिलहाल पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है और इसे पूछताछ जारी है।
पुलिस कमिश्नर ने बताया की इससे पहले मामले में एनआरआई सुखचैन सिंह के ससुर सहित पांच आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है। इन्हीं से पूछताछ के आधार पर पता चला था कि तीन अन्य आरोपी होशियारपुर के गोशाला बाजार में कहीं छुपे हुए हैं। इसके बाद अमृतसर और होशियारपुर की पुलिस ने ज्वाइंट ऑपरेशन चलाया और आरोपियों के छुपे होने की सूचना के तहत पूरे बाजार को घेर लिया। इसके बाद वहां पर हर एक होटल व अन्य जगहों को चेक किया। इसी दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी बाजार में बनी लाला लक्ष्मण दास सूद धर्मशाला में छिपे हुए हैं। इसके बाद पुलिस ने धर्मशाला को घेरा डालकर आरोपियों को गिरफ्तार किया।
फिलहाल सुखचैन सिंह का हालत ठीक
वहीं एनआरआई सुखचैन सिंह का अस्पताल में इलाज चल रहा है। फिलहाल उसकी हालत ठीक बताई जा रही है। पुलिस को पुख्ता सबूत भी मिल चुके हैं कि इस पूरी वारदात को सुखचैन सिंह के पहले ससुराल वालों ने ही अंजाम दिया है। पूरी योजना अमेरिका में रहते उसके पुराने सांढू ने तैयार की थी। इतना ही नहीं गोलियां चलाने वाले आरोपियों को वारदात के तुरंत बाद पैसे भी अमेरिका से ही भेजे गए थे।
पहले पकड़े गए थे ये आरोपी
पकड़े गए आरोपियों की पहचान सरवन सिंह निवासी गांव बैंस टांडा होशियारपुर, जगजीत सिंह उर्फ जग्गू तरनतारन, चमकौर सिंह उर्फ छोटू निवासी तरनतारन, दिगंबर अतरी निवासी गली गंगा पिपल नजदीक एसबीआई बैंक और अभिलाष भास्कर निवासी कटरा आहलूवालिया के रूप में हुई है। पुलिस को अभी तक की जांच में पता चला है कि सुखचैन सिंह के ससुराल वालों ने ही हमले के तुरंत बाद आरोपियों के खाते में 25 हजार रुपये भिजवाए थे, जोकि अमेरिका से ट्रांसफर करवाए गए थे।
पुलिस कमिश्नर रणजीत सिंह ढिल्लों ने बताया कि गोलियां चलाने के बाद आरोपी भाग कर सीधा जगजीत सिंह जग्गू और चमकौर सिंह उर्फ छोटू से मिले थे। इन्होंने दोनों की मदद की थी।
आरोपी दिगंबर अतरी अमृतसर में होटल चलाता है और आरोपी अभिलाष भास्कर वहां पर मैनेजर है। इन आरोपियों ने गोलियां चलाने वाले आरोपियों को 22 व 23 अगस्त को बिना किसी पहचान पत्र के इन्हें अपने होटल में पनाह दी थी। क्राइम करने के बाद दोनों हमलावर उक्त होटल में दोबारा फिर आए थे। घटना को अंजाम देने के बाद दोनों हमलावरों के खाते में अमेरिका से पैसों की ट्रांजेक्शन भी हुई थी।