पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के दिशा-निर्देशों पर राज्य के शिक्षा विभाग ने मंगलवार को निजी स्कूलों को वर्दी और किताबें बेचने वाले कस्बों के कम से कम तीन और शहरों के 20 दुकानों की सूची प्रदर्शित करने के निर्देश दिए हैं। यह सूची जिला शिक्षा अधिकारियों (डीईओ) को भी तुरंत साझा करनी होगी।
इस कदम का उद्देश्य अभिभावकों को उनके घरों के आसपास मर्जी के मुताबिक किसी भी निर्धारित दुकान से किताबें खरीदने की छूट देना है। इससे पहले अभिभावकों को स्कूल प्रबंधकों द्वारा किसी विशेष दुकान से किताबें खरीदने के लिए मजबूर किया जाता था। मुख्यमंत्री ने पहले ही निजी स्कूलों को आदेश दिए हैं कि अभिभावकों को किसी भी दुकान से किताबें और वर्दियां खरीदने के लिए मजबूर न किया जाए।
जांच के लिए डीईओ बनाएं कमेटी: हेअर
इस मामले में स्थिति का जायजा लेने के बाद शिक्षा मंत्री गुरमीत सिंह मीत हेअर ने डीईओ को हिदायत दी कि इन आदेशों की सख्ती से पालन सुनिश्चित बनाने के लिए निगरानी करने वाली टीमों का गठन किया जाए। मंत्री ने कहा कि ये टीमें औचक ढंग से निरीक्षण कर उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करेंगी। मंत्री ने कहा कि निजी स्कूलों के खिलाफ शिकायतों की निजी तौर पर निगरानी कर रहे हैं।