पटियाला पुलिस ने त्रिपड़ी में शनिवार शाम मुथूट फिनकार्प कंपनी में हुई करोड़ों की लूट की वारदात का कुछ घंटों के अंदर ही खुलासा करते सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। कंपनी की दोनों महिला वर्कर भी वारदात में शामिल पाई गई हैं।
आरोपियों ने लूट के बाद सोने के गहनों व कैश को बांट लिया था। पुलिस ने लूटे गए साढ़े तीन करोड़ के मूल्य के 11 किलो 260 ग्राम वजन के सोने के गहने, करीब 2 लाख 51 हजार की नगदी और वारदात में इस्तेमाल किया 32 बोर पिस्टल समेत तीन कारतूस, एक्टिवा व मोटरसाइकिल और अन्य सामान बरामद कर लिया है।
पटियाला जोन के आईजी परमजीत सिंह गिल, डीआईजी बलकार सिंह सिद्धू, एसएसपी गुरमीत सिंह चौहान, एसपी (डी) जसकिरन पाल सिंह तेजा, एसपी (सिटी) प्रितपाल सिंह थिंद ने रविवार दोपहर पुलिस लाइन में आयोजित पत्रकार वार्ता में बताया कि मामले में अलग-अलग टीमें बनाकर जांच की गई, जिसमें टेक्निकल माहिरों और फोटोग्राफी व वीडियोग्राफी माहिरों को भी शामिल किया गया।
जांच टीमों ने घटनास्थल से एक किलोमीटर तक उन दुकानों व संस्थानों का पता लगाया, जहां सीसीटीवी कैमरे लगे थे। इन कैमरों की फुटेज खंगाली गई और बारीकी से जांच करने पर यह नतीजा निकला कि लुटेरों के लोकल होने के ज्यादा चांस हैं और आसपास के इलाकों बारे जानते थे।
इस पर जांच टीमों ने कंपनी से हाल ही में नौकरी से निकाले गए, नौकरी छोड़ कर गए सभी कर्मचारियों की सूची तैयार की। इन कर्मचारियों का हुलिया और फुटेज में नजर आए संदिग्धों के हुलिए का आपस में मिलान किया गया।
साथ ही कंपनी में नौकरी कर रहे कर्मचारियों की गतिविधियों को भी जांचा गया।
इसके साथ ही लुटेरों की ओर से सीसीटीवी की तार काटने व स्प्रे मारने से पहले बचे हुए कंपनी दफ्तर के सीसीटीवी फुटेज को भी गंभीरता से देखा गया। इससे पुलिस को कुछ खास सुराग मिले कि लुटेरों का कंपनी में काम कर रहे कर्मचारियों के साथ वारदात से पहले व वारदात दौरान सीधा व असीधा संपर्क बना था।
इस पर पुलिस ने खुफिया सूत्रों को एक्टिव करके कंपनी के मौजूदा व पूर्व कर्मियों की पहचान कर उनकी ट्रैपिंग के लिए जाल बिछा दिए। इसके बाद वारदात के मुख्य सरगना गौरव कुमार सिंगला निवासी अर्बन अस्टेट पटियाला को उसके घर से गिरफ्तार किया गया।
उसकी निशानदेही पर फोर्ड आईकोन गाड़ी से 119 पैकेट सोने के गहने व कैश, सीसीटीवी पर मारे गए स्प्रे की शीशी और कर्मचारियों को बांधने में इस्तेमाल की टेप वाला रोल व मुंह बांधने के लिए इस्तेमाल किया कपड़ा व वारदात में इस्तेमाल डिस्कवर मोटरसाइकिल और एक 32 बोर पिस्टल समेत तीन कारतूस बरामद किए।
उसके साथी गुरप्रीत सिंह उर्फ डिंपल निवासी अर्बन अस्टेट पटियाला को उसके घर से काबू करके उसकी निशानदेही पर पलस रिनाल्ट गाड़ी से 100 पैकेट सोने के गहने बरामद किए।
तीसरे आरोपी सुखविंदर सिंह उर्फ सुखी निवासी दर्शन सिंह नगर अलीपुर रोड पटियाला को उसके घर से गिरफ्तार करके उसकी निशानदेही पर 100 पैकेट सोने के गहने बरामद किए।
चौथे आरोपी रोबिन रावल निवासी सन्नौर को काबू करके उसकी निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल एक्टिवा स्कूटरी और इसकी डिग्गी से 100 पैकेट सोने के गहने बरामद किए। गिरोह के मुख्य सरगना गौरव कुमार व गुरप्रीत सिंह की महिला साथी वीनस शर्मा निवासी सेवक कालोनी पटियाला और नवनीत कौर निवासी रणजीत नगर सरहंद रोड पटियाला दोनों कंपनी में ही वर्कर थीं। इन दोनों त्रिपड़ी टाउन पटियाला से गिरफ्तार किया गया।
यह दोनों लगातार दफ्तर के भेद आरोपियों को दे रही थीं और वारदात को अंजाम देने में भी आरोपियों की मदद की। वीनस के पास से 50 पैकेट सोने के गहने और 68500 रुपये और नवनीत से 50 पैकेट सोने के गहने बरामद किए गए।
गौरतलब है िककि मुथूट फिनकार्प कंपनी के गुरुद्वारा रोड त्रिपड़ी टाउन स्थित दफ्तर में शनिवार शाम करीब साढ़े चार बजे चार नौजवानों ने हथियारों के बल पर कंपनी के मैनेजर को बंदी बनाने केस्टाफ से स्ट्रांग रूम खुलवाकर साढ़े तीन करोड़ की कीमत का 11 किलो 260 ग्राम सोना और 2 लाख 51 हजार कैश लूट लिया था। जाते समय लुटेरे कंपनी के मैनेजर को बाथरूम बंदकर उसके मुंह को टेप लगाकर कुर्सी से बांध गए थे।
स्टाफ के मुंह भी टेप लगाकर उन्हें कुर्सियों के साथ बांध कर फरार हो गए थे। यह वारदात लुटेरों ने अपने मुंह ढक कर की गई थी। लुटेरों ने सीसीटीवी पर स्प्रे किया था। पुलिस ने कंपनी मैनेजर दर्शन सिंह निवासी पंजाबी बाग के बयान पर अज्ञात व्यक्तियों खिलाफ विभिन्न धाराओं में त्रिपड़ी थाने में केस दर्ज किया था।
जब बड़ी-बड़ी डिग्रियों से अच्छा रोजगार नहीं मिला तो रातों-रात अमीर बनने की तमन्ना ने इन्हें जुर्म के रास्ते पर डाल दिया। पटियाला में शनिवार शाम को मुथूट फिनकार्प कंपनी में लूट करने वाले के सभी छह आरोपी काफी पढ़े-लिखे हैं। लेकिन अमीर बनने की चाहत में इन सभी ने मिलकर गैंग बनाया और फिर वारदात कर डाली। लेकिन भाग्य ने साथ नहीं दिया और वारदात के कुछ घंटों अंदर ही पकड़े गए।
लूट का मास्टरमाइंड पटियाला के अर्बन अस्टेट का रहने वाला गौरव कुमार सिंगला बीसीए पास है, जबकि उसका पड़ोसी व इस वारदात में उसका साथी रहा गुरप्रीत सिंह डिंपल एमए जर्नलिज्म है, जो एक राष्ट्रीय हिंदी अखबार का पूर्व पत्रकार भी है।
मुख्य सरगना गौरव कुछ समय पहले तक खुद भी मुथूट फाइनको नाम की फाइनेंस कंपनी में सीएसई लगा हुआ था और धर्मपुरा बाजार की ब्रांच में कार्यरत था। कुछ समय पहले उसने नौकरी छोड़ थी। नौकरी दौरान ही गौरव की कंपनी की महिला वर्करों वीनस शर्मा व नवनीत कौर से दोस्ती हो गई थी। इसी कारण इन दोनों लड़कियों ने लूट की योजना में गौरव का साथ दिया।
वीनस शर्मा ने पटियाला की पंजाबी यूनिवर्सिटी से एमबीए फाइनेंस किया है और नवनीत ने एमएससी आईटी की हुई है। गौरव खुद प्रापर्टी के काम में कर्जदार हो गया था। इसने अपने कर्ज उतारने के लिए यह साजिश बनाई। वहीं गैंग का एक अन्य मेंबर रोबिन रावल ज्योतिषी है। उसकी बस स्टैंड के नजदीक ही ज्योतिषी की दुकान है। सुखविंदर सिंह सुखी भी इन सभी का नजदीकी दोस्त था, जिसे गौरव ने अच्छी कमाई का लालच देकर अपने साथ मिला लिया।
एक महीने से चल रही थी लूट की प्लानिंग
इस बड़ी लूट की वारदात की प्लानिंग आरोपी पिछले एक महीने से कर रहे थे। सारी प्लानिंगज्योतिषी की दुकान पर होती थी। पुलिस के मुताबिक ज्योतिषी मुथूट के आफिस में जाकर रेकी भी करके आया था।