बठिंडा डीसी ऑफिस पहुंचे दिग्विजय चौटाला।
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बठिंडा के गांव फुल्लोखारी में स्थित गुरु गोबिंद सिंह रिफाइनरी के प्रदूषण की वजह से आसपास के गांव के लोग घर छोड़ने को मजबूर हैं। रिफाइनरी प्रदूषण से क्षेत्र में कैंसर और चमड़ी रोग फैल रहा है। इन समस्याओं को लेकर हरियाणा के पूर्व डिप्टी सीएम अभय चौटाला के भाई दिग्विजय सिंह चौटाला बठिंडा के डिप्टी कमिश्नर से मिलने पहुंचे थे।
उन्होंने कहा कि रिफाइनरी के साथ सटी डबवाली मंडी के करीब ग्यारह गांव रिफाइनरी के साथ लगते है। रिफाइनरी ने अभी तक 12 किलोमीटर एरिया के अधीन उक्त सभी गांव अडाप्ट नहीं किया। ग्रामीणों के साथ आए चौटाला ने डिप्टी कमिशनर जसप्रीत सिंह को एक मांगपत्र भी सौंपा।
दिग्विजय चौटाला ने मीडिया को बताया कि रिफाइनरी के प्रदूषण कारण कुछ गांव से तो लोग अपना घर छोड़कर जा चुके हैं। चौटाला ने रिफाइनरी की सीएसआर स्कीम पर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अभी तक रिफाइनरी ने अपने अधीन आने वाले पूरे गांव को अडाप्ट नहीं किया, जिसके चलते सीएसआर स्कीम की पाई-पाई का हिसाब मांगा जाएगा। पंजाब और हरियाणा बॉर्डर पर रिफाइनरी होने कारण दोनों राज्य के नजदीकी गांव के लोग परेशान हैं। रिफानरी से तेज अवाजें आती। साथ लगते खेतों में फसलों पर एश गिरती है। केमिकल लीक होने से आसपास के पूरे एरिया में बदबू फैल जाती है। बावजूद रिफाइनरी अधिकारी चुप्पी साध कर बैठे हैं।
डिप्टी कमिश्नर जसप्रीत सिंह का कहना था कि दिग्विजय सिंह चौटाला ने जो भी बातें उनके ध्यान में लाई है, उन संबंधी मौके पर ही रिफाइनरी अधिकारियों को बुलाकर आमने सामने बात की जा चुकी है। आसपास के गांव में जो मेडिकल सुविधा कम है और जो गांव अभी तक अडाप्ट नहीं हुए, उनको रिफाइनरी द्वारा अडाप्ट किया जाएगा।
हरियाणा में अगले समय दौरान होने वाले विधान सभा चुनाव संबंधी पूछे गए सवाल के जवाब में दिगविजय चौटाला ने कहा कि भाजपा के साथ उनका एक्सपीरियस खराब रहा है। लेकिन जो विचार मिलने वाली पार्टी होगी उसके साथ मिलकर चुनाव लड़ा जाएगा। हमख्याली पार्टी के लिए उनके दरवाजे हमेशा खुले रहेंगे।