खरड़। पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनाव-2022 का समय जैसे-जैसे नजदीक आता जा रहा है, उसी तरह मुख्यमंत्री के शहर खरड़ में रोष धरने तेज होते जा रहे हैं। मंगलवार को खरड़ में सुबह से ही प्रदर्शनों का दौर चला। आंगनबाड़ी वर्करों की ओर से अपनी मांगो को लेकर देसू माजरा चौक पर रोष धरना देकर फ्लाईओवर समेत खरड़-चंडीगढ़ हाईवे जाम कर दिया। इसके बाद कच्चे अध्यापक यूनियन की ओर से खरड़ मेन बस स्टैंड चौक पर रोष धरना देकर हाईवे को जाम कर दिया।
दूसरी ओर स्वास्थ्य विभाग से संबंधित मल्टीपर्पज हेल्थ यूनियन की ओर से मंगलवार को एक बड़ी रैली करके मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के घर का घेराव करने की कोशिश की गई। यहां पर पुलिस ने बैरिकेडिंग करके और टिप्पर लगाकर उन्हें रोका। पुलिस की ओर से बैरिकेड़िंग करने के बावजूद निजी टिप्परों का इस्तेमाल करने से साफ होता है कि पंजाब पुलिस खरड़ में हो रहे रोष धरनों, प्रदर्शनों से निपटने में नाकाम हो रही है। वहीं हेल्थ वर्करों की ओर से भी मुख्यमंत्री चन्नी की गली में बैठकर धरना दिया गया।
बता दें कि सभी संगठनों की अपनी अलग-अलग मांगें हैं, किसी की मांग विभाग में पक्का करने और किसी की मांग वेतन बढ़ाने की है। वहीं कुछ मुलाजिम सरकारी सुविधाएं न मिलने के विरोध में यह रोष धरने लगा रहे हैं। लेकिन पंजाब सरकार की ओर से जहां घर-घर नौकरी देने का वादा किया गया था, वहीं पंजाब का युवा वर्ग आज अपने अधिकारों के लिए खरड़ की सड़कों पर नजर आ रहा है। इस अवसर पर रोष धरने पर बैठे सभी मुलाजिम संगठनों के समर्थन में किसान यूनियन उगराहां के प्रधान जोगिंदर सिंह उगराहां भी शामिल हुए।