डेराबस्सी। गांव अमलाला में अवैध माइनिंग के खिलाफ इलाके के लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर है। नजदीकी गावों के निवासियों की ओर से माइनिंग माफिया के खिलाफ पिछले कई दिनों से लगातार धरना दिया जा रहा है। शुक्रवार को इस संघर्ष को तब और बल मिला जब राजपुरा कांग्रेस के पूर्व विधायक हरदयाल सिंह कंबोज, भाजपा नेता सरदार गुरदर्शन सिंह सैनी व अकाली दल के नेता जसपाल सिंह ने धरने में विशेष रूप से हाजिरी भरी।
इस मौके धरनाकारियों ने बताया कि डी-सिल्टिंग के नाम पर घग्गर नदी से बड़े पैमाने पर रेत की अवैध माइनिंग की जा रही है। माइनिंग के भारी-भरकम टिप्परों के कारण घग्गर नदी पर बना पुल बुरी तरह खस्ता हाल हो चुका है। यह पुल कारसेवा घड़ाम वाले बाबाओं द्वारा लोगों की सुविधा के लिए बनाया गया था। अगर माइनिंग तुरंत न रुकी तो पुल कभी भी टूट सकता है, जिससे पूरे इलाके का संपर्क टूट जाएगा और कोई बड़ा जान-माल का हादसा हो सकता है।
धरने के दौरान पहुंचे सीनियर भाजपा नेता सरदार गुरदर्शन सिंह सैनी ने मौके पर मौजूद कारसेवा घड़ाम वाले बाबाओं और पिंड वासियों से बात की। उन्होंने लोगों की मांगों को जायज ठहराते हुए कहा कि इलाके के बुनियादी ढांचे को तबाह करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और वे इस संघर्ष में इलाके के लोगों के साथ हैं। उन्होंने माइनिंग के कारण क्षतिग्रस्त हुए पुल की मरम्मत के लिए अपनी तरफ से संभव योगदान देने का भरोसा दिया ताकि लोगों को आने-जाने में कोई दिक्कत न आए।
पुल की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं तब तक संघर्ष जारी रहेगा
लोगों और नेताओं ने प्रशासन को अपील की कि इस गैरकानूनी गतिविधि पर तुरंत रोक लगाई जाए। धरनाकारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक माइनिंग पूरी तरह बंद नहीं होती और पुल की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं बनाई जाती, तब तक यह संघर्ष जारी रहेगा। इस मौके जिला अध्यक्ष ओबीसी हरप्रीत सिंह टिंकू, प्रदीप पाल सिंह, पुष्पिंदर मेहता, मेजर सिंह परागपुर, दविंदर सिंह धनौनी, संंत भारद्वाज, हरदीप सिंह सैणी, रिंकू जनेटपुर, ढेरू नंबरदार समेत बड़ी संख्या में नजदीकी गांव के लोग मौजूद थे।