फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mohali: चौकी इंचार्ज ने होटल में घुसकर दो बहनों को पीटा, आरोप-20 हजार रुपये महीना नहीं देने पर की मारपीट

Tue, 04 Aug 2026 12:18 PM IST
Nivedita संवाद न्यूज एजेंसी, मोहाली
विज्ञापन
कैमरे में दिख रहा आरोपी - फोटो : वीडियो ग्रैब
विज्ञापन
जीरकपुर के बलटाना क्षेत्र स्थित होटल मैंगो में कथित तौर पर पुलिसकर्मियों द्वारा दो बहनों के साथ मारपीट का मामला सामने आया है।
विज्ञापन




होटल संचालिका ने आरोप लगाया है कि स्थानीय चौकी इंचार्ज हरजिंदर सिंह ने 20 हजार रुपये प्रतिमाह कथित तौर पर महीना मांगा था। रुपये नहीं देने पर होटल में घुसकर उसके और उसकी बहन के साथ बेरहमी से मारपीट की गई। घटना का एक सीसीटीवी वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया है।
विज्ञापन


पीड़ित होटल संचालिका के अनुसार यह घटना 29 जुलाई की रात करीब नौ बजे की है। उस समय वह और उनकी बहन होटल में मौजूद थीं। आरोप है कि चौकी इंचार्ज कुछ पुलिसकर्मियों के साथ होटल पहुंचे और बिना कोई कारण बताए दोनों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू कर दी। जब उन्होंने मारपीट का कारण पूछा तो उन्हें होटल से बाहर निकल जाने के लिए कहा गया।

होटल संचालिका ने दावा किया कि पुलिस पिछले काफी समय से उनसे 20 हजार रुपये प्रतिमाह की मांग कर रही थी। उन्होंने बताया कि पहले वह रुपये देती थीं, लेकिन पिछले दो महीनों से होटल बंद होने के कारण भुगतान नहीं किया। इसी बात से नाराज होकर उनके साथ मारपीट की गई।

पीड़िता का यह भी आरोप है कि घटना को अंजाम देने से पहले होटल के अधिकतर सीसीटीवी कैमरे बंद करा दिए गए थे, लेकिन गलती से एक कैमरा चालू रह गया, जिसमें पूरी घटना रिकॉर्ड हो गई। यही वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
विज्ञापन


पीड़ित बहनों का कहना है कि उन्होंने पुलिस अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई। उनका कहना है कि उन्हें सिर्फ यह जानना है कि आखिर उनके साथ मारपीट क्यों की गई और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।

उपलब्ध वीडियो में होटल के अंदर की सीसीटीवी रिकॉर्डिंग स्क्रीन दिखाई दे रही है। फुटेज में होटल परिसर के भीतर कुछ लोगों की मौजूदगी और कथित हाथापाई का दृश्य नजर आ रहा है। हालांकि, केवल वीडियो के आधार पर सभी परिस्थितियों और आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की जा सकती।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें