जीरकपुर। गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और टिकरा गुज्जर गैंग का सदस्य बताकर लाखों की फिरौती मांगने वाले गिरोह के तीन सदस्यों को जीरकपुर थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इस गिरोह के सदस्यों ने हरमिलाप नगर निवासी एक कारोबारी से 15 लाख की रंगदारी मांगी थी और पहले घर के बाहर आधी रात में फायरिंग की थी। आरोपियों की पहचान बलविंदर सिंह, नरेश कुमार निवासी गांव दड़ुवा चंडीगढ़ और मनीष उर्फ सोनू निवासी सेक्टर-28 सी चंडीगढ़ के रूप में हुई है।
थाना प्रभारी ओंकार सिंह बराड़ ने बताया कि हरमिलाप नगर निवासी कारोबारी संजय बदवार ने शिकायत दी थी कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और टिकरा गुज्जर गैंग के सदस्य 15 लाख की रंगदारी मांग रहे हैं। इतना ही नहीं गैंग के सदस्यों ने घर के बाहर फायरिंग भी की है। इस मामले में उन्होंने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। उन्होंने बताया कि कारोबारी संजय बदवार ने शिकायत में बताया था कि वह अपने दोस्त अनिल पांडे के दफ्तर में बैठे थे। इसी दौरान दफ्तर के रिसेप्शन पर बैठी एक लड़की को एक युवक चिट्ठी पकड़ा कर चला गया। पांडे ने जब चिट्ठी खोली तो उसमें खुद को लॉरेंस बिशनोई और टिकरा गुज्जर गैंग का सदस्य बताते हुए 15 लाख की रंगदारी मांगी। आरोपियों ने चिट्ठी में लिखा था है कि उन्होंने संजय बदवार को मारने के लिए घर पर फायरिंग की थी लेकिन वह बच गया।
अब उनके दोस्त अनिल पांडे की सुपारी ली है। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की गई तो सामने आया कि यह चिट्ठी आरोपी बलविंदर सिंह और नरेश कुमार निवासी गांव दड़ुवा चंडीगढ़ और मनीष उर्फ सोनू निवासी सेक्टर-28 सी चंडीगढ़ ने नकली गैंगस्टर बनकर रंगदारी के लिए भेजी थी। पुलिस ने चिट्ठी देने के लिए प्रयोग की गई कार भी बरादम कर ली है। जांच में सामने आया कि आरोपी बलविंदर ने मकान मालिक संजय बदवार से सवा छह लाख रुपए उधार लिए थे जिसे न लौटने की नीयत और पैसों की वसूली के लिए योजना के तहत यह चिट्ठी फेंकी थी।
क्या कहते हैं अधिकारी
आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। आज जिला अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। इस दौरान पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि अभी तक आरोपियों ने कितने लोगों से रंगदारी मांगी है। गिरोह में कितने लोग शामिल हैं। इनके निशाने पर और कितने लोग थे। रिमांड के दौरान कई अहम खुलासे हो सकते हैं।
ओंकार सिंह बराड़, थाना प्रभारी जीरकपुर।