–हरियाणा, हिमाचल, पंजाब और चंडीगढ़ के कर्मचारी अब मिलकर करेंगे संघर्ष
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चंडीगढ़। पंजाब रोडवेज पनबस-पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन की सोमवार को हुई बैठक में विभिन्न राज्यों के कर्मचारी नेताओं ने संयुक्त ट्रांसपोर्ट फ्रंट का गठन किया। इसका उद्देश्य सरकारी ट्रांसपोर्ट कर्मचारियों की जायज मांगों का समर्थन करना और पब्लिक ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट के निजीकरण की कोशिशों का विरोध करना है।
बैठक में पंजाब से प्रदेशाध्यक्ष रेशम सिंह गिल, महासचिव शमशेर सिंह ढिल्लों, वरिष्ठ उप प्रधान हरकेश कुमार विक्की, हरियाणा से निरेंदर, सुमेर सिवाच, जगदीप लाठर, हिमाचल प्रदेश से मान सिंह ठाकुर, चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट से चरणजीत सिंह ढीढ़सा और पनबस स्टेट ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन से लखविंदर सिंह सहित कई नेता मौजूद थे। नेताओं ने कहा कि सरकारें ट्रांसपोर्ट कर्मचारियों की समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रही हैं और उनके वेतन, भत्ते और सेवा शर्तों की मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया कि सभी राज्यों के सरकारी ट्रांसपोर्ट कर्मचारियों के संगठन एक दूसरे की जायज मांगों का समर्थन करेंगे और फ्रंट के बैनर तले मिलकर संघर्ष करेंगे। साथ ही पड़ोसी राज्यों के साथ तालमेल बढ़ाकर इस फ्रंट का दायरा और मजबूत करने का निर्णय लिया गया। इस कदम से राज्य स्तरीय और क्षेत्रीय स्तर पर ट्रांसपोर्ट कर्मचारियों की एकजुटता और उनके अधिकारों की रक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।