स्मार्ट सिटी की पहली सूूची में जगह पाने वाले लुधियाना ने स्मार्ट बनने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। इस प्रोजेक्ट को अमलीजामा पहनाने के लिए बनी कंपनी लुधियाना स्मार्ट सिटी लिमिटेड के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की मंगलवार को सर्किट हाउस में पहली बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता पंजाब के चीफ सेक्रेटरी सर्वेश कौशल ने की।
चीफ सेक्रेटरी ने कहा कि पांच साल के इस प्रोजेक्ट के तहत लुधियाना को देश का स्मार्ट शहर बना दिया जाएगा। सारा काम तय वक्त में पूरा कर लिया जाएगा। सूबा सरकार भी अपने हिस्से की पचास फीसदी ग्रांट शीघ्र ही जारी करेगी।
चीफ सेक्रेटरी बोले कि चार माह में विकास का खाका तैयार कर लिया जाएगा, उसी के मुताबिक सिलसिलेवार विकास कार्य शुरू किए जाएंगे। इसके अलावा स्पेशल परपज व्हीकल (एसपीवी) बनाकर अन्य संसाधन जुटाने का भी प्रयास किया जाएगा। चीफ सेक्रेटरी की चेयरमैनशिप में बनी स्मार्ट सिटी लिमिटेड में मेयर लुधियाना, डीसी और निगम आयुक्त शामिल है। इसे चलाने के लिए अगले साठ दिन के भीतर चीफ एग्जीक्यूटिव अफसर (सीईओ) नियुक्त किया जाएगा।
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत एरिया बेस्ड डेवलपमेंट और पेन सिटी डेवलपमेंट दो आधार पर विकास किया जाएगा। एरिया बेस्ड में चुने हुए इलाके को विकसित किया जाएगा। लुधियाना में फिरोजपुर रोड का इलाका इसके लिए चुना गया है।
चीफ सेक्रेटरी ने कहा कि एरिया बेस्ड डेवलपमेंट में लैंडस्केप सुधार, पानी बचाने के उपाय, ट्रैफिक मैनेजमेंट, प्रदूषण मुक्त वातावरण, साइकिल वे के अलावा घुमारमंडी को व्हीकल फ्री जोन बनाना, स्टार्म वाटर ड्रेनेज, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, सावधानी और सुरक्षा इत्यादि शामिल है। पेन सिटी परियोजना के तहत सारे शहर में जीपीएस वाले ई रिक्शा, किराए पर साइकिल उपलब्ध कराना इत्यादि प्रोग्राम शुरू किए जाएंगे।
इसके अलावा बीआरटीएस और स्मार्ट बस स्टॉप भी बनाए जाएंगे। बरसाती पानी के निकास का इंतजाम करना, खुली जगहों का सही उपयोग करना, सोलर ऊर्जा को बढ़ावा देना और बरसाती पानी का दोबारा उपयोग करना इत्यादि कई मोर्चों पर एक साथ काम किया जाएगा।
बैठक में योजना बोर्ड के वाइस चेयरमैन प्रो. राजिंदर भंडारी, स्थानीय निकाय विभाग के सचिव विकास प्रताप, जेएम बालामुरुगन, मेयर हरचरण सिंह गोहलवड़िया, डीसी रवि भगत, पुलिस कमिश्नर जतिंदर सिंह औलख, निगम आयुक्त घनश्याम थोरी और एडीसी अपनीत रियात समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।