लुधियाना। हथियारों के बल पर लूट की बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे छह आरोपियों को थाना दुगरी की पुलिस ने गिरफ्तार किया है। छह आरोपियों में से ही तीन आरोपियों ने कुछ दिन पहले पैट्रोल पंप पर लूट की वारदात को अंजाम दिया था। आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने पैट्रोल पंप से लूटी हुई 81 हजार की नकदी में से 36 हजार की नकदी, दो देसी पिस्तौल, सात जिंदा कारतूस, वारदात में इस्तेमाल की गई स्कूटरी और बाइक के साथ साथ तेजधार हथियार बरामद हुए है।
आरोपियों की पहचान धांधरा रोड शहीद भगत सिंह नगर निवासी गुरदीप सिंह उर्फ सोनी, जालंधर निवासी कुलविंदर कुमार उर्फ बिल्ला, होशियापुर के गांव डविंडा निवासी हरदीप सिंह उर्फ गोला, हिमाचल प्रदेश ऊना निवासी विजय कुमार उर्फ चंदन, जालंधर के गांव मोह साहिब निवासी सतनाम सिंह उर्फ सोनू और सुभाष नगर निवासी हिमांशु हीर उर्फ हनी के रुप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों को अदालत में पेश किया। जहां से उन्हें दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की बना रहे थे प्लानिंग
ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर डॉ. सचिन गुप्ता ने बताया कि पुलिस की टीम लगातार पैट्रोल पंप पर हुई लूटपाट की वारदात को हल करने में जुटी थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि जिन तीन लोगों ने वारदात को अंजाम दिया है वह तीनों और उनके तीन ओर साथी लूट की किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की प्लानिंग कर रहे है। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों की घेराबंदी कर ली। पुलिस को देख आरोपियों ने फरार होने की पूरी कोशिश की, लेकिन आरोपियों को किसी तरह से काबू कर उनके कब्जे से हथियार बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार सारी प्लानिंग गिरोह का सरगना सन्नी बनाता था। उसके द्वारा बनाई गई प्लानिंग के बाद ही सभी आरोपी काम करते थे।
जेल में हुई थी सभी आरोपियों की मुलाकात
जेसीपी डॉ. सचिन गप्ता ने बताया कि बिल्ला, सन्नी, गोला और विजय कुमार अलग अलग मामलों में होशियारपुर जेल में बंद थे। चारों की मुलाकात भी वहीं हुई थी। वहां से बाहर निकलने के बाद आरोपियों ने अपना एक गिरोह बना लिया। जिसमें आरोपियों ने सोनू और हनी को भी मिला लिया। सन्नी ने प्लानिंग बनाई कि वह एक पैट्रोल पंप को लूटते है। सन्नी ने दुगरी 200 फुटी रोड पर स्थित पैट्रोल पंप को लूटने की पूरी प्लानिंग बनाई। कुलविंदर उत्तरप्रदेश के अलग अलग शहरों से दो देसी कट्टे 11 हजार रुपये में खरीद कर लाया था, ताकि लूटपाट की वारदातों को अंजाम दिया जा सके। बिल्ला, गोला और विजय एक ही बाइक पर सवार होकर सन्नी के घर आ गए। वहां से रैकी की और 11 जून को लूट की वारदात को अंजाम दे फरार हो गए थे।
पुलिस के मुताबिक सभी आरोपियों के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज है। आरोपी कई वारदातों को अंजाम दे चुके है और पुलिस को कई मामलों में वांछित भी है। आरोपी काफी शातिर अपराधी है। कुलविंदर सन्नी इस गिरोह का लीडर था।