दरेसी स्थित श्रीराम चैरिटेबल अस्पताल में भर्ती कोरोना मरीज ने रविवार दोपहर बाद पहली मंजिल से छलांग लगा दी। पूरी घटना को वहां से गुजर रहे एक व्यक्ति ने कैमरे में कैद कर लिया। उक्त व्यक्ति को वहां से गुजर रहे लोगों ने रोकने की बड़ी कोशिश की लेकिन उसने किसी की नहीं सुनी। उसे गंभीर हालत में लुधियाना के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित परिवार के सदस्यों का आरोप है कि एक हफ्ते में वह लगभग 50 हजार रुपये जमा करवा चुके हैं। गरीबी के चलते पीड़ित अब और पैसा चुकाने में असमर्थ था इसलिए उसने यह कदम उठाया।
पीड़ित व्यक्ति के ताऊ के बेटे निक्कू ने बताया कि मोनू (37) लॉकडाउन से पहले विवाह समारोह में कैमरा चलाने का काम करता था। लॉकडाउन के बाद उसके पास काम नहीं था। वह मजदूरी कर परिवार का पेट पाल रहा था। उसके तीन बच्चे हैं। एक हफ्ता पहले उसके पेट में अचानक दर्द शुरू हो गया था। परिजनों ने उसे चैरिटेबल अस्पताल में भर्ती कराया। वह किसी तरह पैसे इकट्ठा कर इलाज करवा रहे हैं। अब तक लगभग 50 हजार रुपये वह जमा करवा चुके हैं। अस्पताल की तरफ से पैसे की मांग उनके मरीज के सामने की जाती थी। वह काफी परेशान हो रहा था। शनिवार को पता चला कि मोनू कोरोना पॉजिटिव है। रविवार दोपहर बाद उन्हें सूचना मिली कि उसके चचेरे भाई ने अस्पताल से छलांग लगा दी है। वह अपने रिश्तेदारों को लेकर तुरंत अस्पताल पहुंचा। जैसे ही वह एंबुलेंस में उसे सिविल अस्पताल ले जाने लगे अस्पताल प्रबंधकों ने उनसे 27 हजार रुपये बकाया बिल जमा करवाने कहा। एंबुलेंस में उसका भाई सिर्फ हाथ से पैसे के संबंध में इशारे कर रहा था।