जेल में हुए हंगामे से जेल मंत्री सुखजिंदर रंधावा की मुश्किलें बढ़ती जा रही है। विरोधियों की ओर से उनके इस्तीफे की मांग पर रंधावा काफी आक्रोशित नजर आ रहे है। शुक्रवार को लुधियाना सिविल अस्पताल पहुंचने पर जैसे ही उनके इस्तीफे के संबंध में पूछा गया तो जेल मंत्री अपना आपा खो बैठे और सीधे बोले की पुलवामा हमले में 40 जवान शहीद हुए थे, उसके बाद पीएम को भी अपना इस्तीफा दे देना चाहिए था।
उन्होंने कहा कि वह जेल व्यवस्था को सुधारने में जुटे हैं। 450 और मुलाजिमों को भर्ती किया जा रहा है। वही प्रत्येक जेल में प्रीजनर प्रोटेक्शन फोर्स बनाने के लिए सीएम से मंजूरी लेंगे। कैदी सूद की मारपीट के दौरान मौत होने के सवाल पर रंधावा ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद सब साफ हो जाएगा।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मारपीट करने की बात सामने आती है तो ऐसा करने वाले अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। कैदी बाबा की गोली लगने से मौत के सवाल पर रंधावा का कहना है कि अगर कोई कैदी जेल तोड़कर फरार होने की कोशिश करता है तो जेल मैन्युअल में साफ लिखा गया है कि मौके पर तैनात संतरी बिना किसी आदेश गोली चला सकता है।
मंत्री ने माना जेल में चलते हैं मोबाइल
लुधियाना जेल से कैदियों की ओर से लाइव वीडियो सोशल मीडिया पर डालने के सवाल पर मंत्री रंधावा ने कहा कि वह खुद मानते है कि जेलों में मोबाइल फोन चलते है। अभी तक 650 से ज्यादा मोबाइल फोन विभिन्न जेलों से बरामद किए जा चुके है। मोबाइल का अंदर जाना अभी तक जारी है। लुधियाना जेल में मोबाइल से वीडियो पोस्ट करने के मामले की जांच होगी।