जिले में 505 वीडीसी तोड़ेंगे नशे की सप्लाई चेन, गांव-गांव में तैनात वीडीसी देंगे ड्रग्स बेचने वालों की खबर
संवाद न्यूज एजेंसी
कपूरथला। नशे के नाश के लिए पुलिस अब जनता के पास पहुंच गई है। गांव-गांव में नशे के सेल प्वाइंट की धरपकड़ के लिए विलेज डिफेंस कमेटी (वीडीसी) का गठन किया गया है। जिलेभर में 505 वीडीसी क्रियान्वयन हो चुके हैं, जबकि शेष जगह भी गठन की प्रक्रिया जारी है। पंजाब सरकार की ओर से नशामुक्त राज्य बनाने के उद्देश्य से उठाए जा रहे कदमों में ये भी शुमार है। जिसके तहत शुक्रवार को पुलिस लाइन में डीआईजी जालंधर रेंज हरमनबीर सिंह गिल की ओर से नवगठित वीडीसी संग बैठक करके उन्हें पुलिस की ओर से हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया गया। डीआईजी ने वीडीएस का जहां मनोबल बढ़ाया, वहीं पुलिस अधिकारियों को ताकीद भी की कि इनकी ओर से दी गई सूचना पर त्वरित कार्रवाई करें।
स्थानीय पुलिस लाइन में एसएसपी वत्सला गुप्ता, ग्रुप जीओ, पुलिस प्रमुखों व अन्य अधिकारियों के साथ जिले में शिकायतों की समीक्षा करते हुए डीआईजी ने कहा कि विभिन्न स्तरों पर जांच व शेष शिकायतों पर नियमानुसार उचित कार्रवाई करते हुए यथाशीघ्र निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि जिले में विभिन्न गंभीर मुद्दों के समाधान के लिए प्रभावी कार्य योजना बनाकर उसे क्रियान्वित किया जाए ताकि ऐसे मामलों का समयबद्ध तरीके से समाधान किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पंजाब सरकार की ओर से नशे के खात्मे के लिए बड़े स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत जिले में ऐसी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जाए और नशा तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। हरमनबीर सिंह गिल ने नशे के नाश के लिए चलाए अभियान को असरदार तरीके से लागू करने के बारे में कहा कि ''''विलेज डिफेंस कमेटियां'''' बनाई गई हैं जो गांवों में व्यवस्थित तरीके से असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने में मदद करेंगी। उन्होंने इस दौरान विभिन्न गांवों से आए इन कमेटियों के सदस्यों से बातचीत भी की। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करके नशे के खिलाफ ठोस प्रयास किए जा रहे हैं। मेडिकल स्टोर्स की बात करते हुए डीआई जी ने कहा कि जिला प्रशासन के सहयोग से जल्द ही संयुक्त चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मेडिकल स्टोर्स पर सीसीटीवी कैमरे लगेंगे, जिनकी जांच कभी भी गजटिड अधिकारी कर सकेंगे और इन कैमरों का पिछले एक महीने का बैकअप चेक कर सकेंगे और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस सामाजिक बुराई को लोगों के सहयोग से खत्म किया जा सकता है और पुलिस व नागरिक प्रशासन द्वारा लोगों के सहयोग से चेकिंग बढ़ाई जा रही है।
‘ऐसा न हो कि पुलिस पैसे लेकर तस्कर छोड़ दे’
कपूरथला। डीआईजी जालंधर रेंज हरमनबीर सिंह गिल के सामने ही वीडीसी के सदस्य ग्रामीण ने पुलिस की पोल खोलकर रख दी। मीटिंग दौरान एक गांव के गणमान्य व्यक्ति ने कहा कि ऐसा न हो कि पुलिस को हम लोग किसी व्यक्ति को पकड़वाएं और दो-तीन दिन बाद वह आदमी अपने घर बैठा है। पुलिस पैसे लेकर उसने छोड़ दे। ऐसा रहा तो फिर क्या फायदा। वहीं मीटिंग से जाते-जाते विभिन्न गांवों के गणमान्यों ने यहां तक कह दिया कि यदि पुलिस सही ढंग से साथ देगी तो ठीक अन्यथा हमसे सहयोग की उम्मीद न रखें।