प्रदेश सरकार के प्रमुख सचिव योजना सुच्चा राम लद्धड ने मोगा, अजीतवाल और धर्मकोट की मंडियों का दौरा कर खरीद प्रबंधों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने किसानों और आढ़तियों की मुश्किलों को भी सुना।
उन्होंने बताया कि धान की फसल की खरीद के लिए सरकार ने पुख्ता प्रबंध किए हैं। उन्होंने किसानों से अपील की कि वह सूखे धान की फसल मंडियों में लेकर आएं, जिससे उन्हें धान की फसल बेचने में कोई दिक्कत न हो। डिप्टी कमिश्नर कुलदीप सिंह वैद्य ने बताया कि बीती शनिवार शाम तक जिले की मंडियों में 21,220 मीट्रिक टन धान की आमद हुई है।
इस बीच में से 15,885 मीट्रिक टन अलग-अलग खरीद एजेंसियों पनग्रेन ने 6708 मीट्रिक टन, मार्कफेड ने 4192 मीट्रिक टन, पनसप 2496 मीट्रिक टन, पंजाब राज्य गोदाम निगम ने 1795 मीट्रिक टन, पंजाब एग्रो ने 286 मीट्रिक टन और प्राइवेट व्यापारियों ने 408 मीट्रिक टन धान की खरीद की गई।
उन्होंने कहा कि किसानों को रात के समय कंबाइनों से धान की फसल काटने और पराली को आग लगाने से भी गुरेज करना चाहिए। उन्होंने कहा कि मार्केट कमेटी के गेटों पर धान की नमी चेक करने के लिए मीटर लगाए गए हैं। इसके धान में नमी की मात्रा निर्धारित मापदंड से अधिक पाई गई, उसकी ट्रालियां वापस कर दी जाएंगी।
इस दौरान एडिशनल डिप्टी कमिश्नर अजय सूद, सहायक कमिश्नर (जनरल) अनीता दर्शी, जिला खाद्य एवं सप्लाई कंट्रोलर रजनीस कुमारी, तहसीलदार पवन कुमार, जिला मंडी अफसर जसवीर कौर, जिला मैनेजर वेयर हाउस एचएस चीमा, जिला मैनेजर पनसप संजय शर्मा, जिला मैनेजर पंजाब एग्रो तेजपाल सिंह, जिला मैनेजर एफसीआई राजीव कुमार, मैनेजर मार्कफेड, सेक्ट्री मार्केट कमेटी मोगा हाकम सिंह, सैक्ट्री मार्केट कमेटी अजीतवाल हरप्रीत सिंह के अलावा संबंधित अधिकारी मौजूद थे।