मिनिस्टीरियल कर्मचारियों की स्वीकार की हुई मांगों को लागू न करने पर पंजाब स्टेट मिनिस्टीरियल सर्विसेज यूनियन ने मंगलवार को दोबारा चार दिवसीय कलम छोड़ हड़ताल कर दी है। इस दौरान कर्मचारियों ने डीसी दफ्तर के सामने रोष प्रदर्शन भी किया।
वरिंदर ढोसीवाल एवं हरजिंदर सिंह सिद्धू ने कहा कि राज्य सरकार कर्मियों की मांगों के प्रति गंभीरता दिखाने के बजाय टाल-मटोल की नीति पर उतरी हुई है। उन्होंने बताया कि कर्मचारी एक जनवरी 2016 से बकाया पड़ा 23 माह का भत्ता देने, नई भर्ती के समय 15 जनवरी 2015 का प्राथमिक वेतन देने का फैसला वापस लेने, साल 2004 के बाद भर्ती हुए कर्मचारियों एवं अधिकारियों को पेंशन योजना का लाभ देने की मांग कर रहे हैं।
इस मौके पर नछतर सिंह, सुरिंदर कुमार, जसपाल बजाज, नरिंदर कुमार, राजिंदर सिंह, राकेश कुमार, राजपाल सिंह, जगप्रीत सिंह, परमजीत सिंह, भूपिंदर सिंह, गुरप्रीत सिंह, नसीब कौर, गुरदीप कौर और दविंदर कौर मौजूद रही।