10 दिसंबर को जालंधर के डीसी दफ्तर के बाहर हुए प्रदर्शन के दौरान लाए गए पुतलों में से एक पर गलती से सिद्धू मूसेवाला की मां चरन कौर की फोटो लग गई थी जिस पर इसाई समाज ने माफी मांगी है।
सिद्धू मूसेवाला की मां चरन कौर के पुतले को लेकर जालंधर में हुई कंट्रोवर्सी अब खत्म होती नजर आ रही है। इस मामले में ईसाई भाईचारे ने सिद्धू मूसेवाला की माता चरन कौर और पिता बलकौर सिंह से औपचारिक रूप से माफी मांग ली है। ग्लोबल एक्शन कमेटी के सदस्य शनिवार को मानसा के मूसा गांव पहुंचे, जहां उन्होंने बलकौर सिंह से लंबी बातचीत कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
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भाईचारे के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया कि 10 दिसंबर को जालंधर के डीसी दफ्तर के बाहर हुए प्रदर्शन के दौरान लाए गए पुतलों में से एक पर गलती से चरन कौर की फोटो लग गई थी। यह प्रदर्शन पंजाब बचाओ मोर्चा के तेजस्वी मिन्हास और भाना सिद्धू के खिलाफ किया गया था। उन्होंने बताया कि जैसे ही गलती का पता चला, पुतला जलाने से पहले ही फोटो हटा दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद गलत खबरें फैल गईं, जिससे विवाद खड़ा हो गया।
ईसाई भाईचारे की ओर से बंटी अजनाला और सूरज ने कहा कि यह पूरी तरह से अनजाने में हुई भूल थी और उनका उद्देश्य किसी की भावनाएं आहत करना नहीं था। वहीं, सिद्धू मूसेवाला के पिता बलकौर सिंह ने कहा कि गलती स्वीकार कर माफी मांग ली गई है और इस विवाद को अब खत्म किया जाना चाहिए। दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से मामले को सुलझा लिया है, जिससे तनावपूर्ण माहौल शांत हुआ है।