पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने संगठन को मजबूत करने और नेताओं के बीच तालमेल बढ़ाने की कवायद तेज कर दी है। पंजाब कांग्रेस भवन में पार्टी प्रभारी सचिन पायलट और प्रदेश अध्यक्ष परगट सिंह ने विधायकों, जिला प्रधानों और नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा के साथ बैठक कर प्रदेश के राजनीतिक हालात और चुनावी तैयारियों पर चर्चा की। बैठक में नेताओं से संगठन की मजबूती और चुनावी रणनीति को लेकर सुझाव भी लिए गए।
बैठक के दौरान पार्टी के भीतर एकजुटता पर जोर देना रहा। पायलट और परगट ने नेताओं से आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर पार्टी की जीत के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया। बैठक के दौरान पायलट और परगट ने करीब 25 मिनट तक अलग से भी बातचीत की। इसमें चुनावी तैयारियों, संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने और छोटे-बड़े सभी नेताओं को साथ लेकर चलने जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ। पार्टी की ओर से जल्द राहुल गांधी के पंजाब दौरे को लेकर भी चर्चा की गई। इसके लिए प्रदेश इकाई को तैयारियां मुकम्मल करने पर जोर दिया गया।
इससे पहले अमृतसर दौरे के दौरान भी पायलट और परगट ने एकजुटता का संदेश देने की कोशिश की थी। अमृतसर में पायलट ने परगट को अपनी कार में साथ बैठाया और खुद गाड़ी चलाकर दोनों नेताओं के बीच सहज तालमेल का संकेत दिया था। अब कांग्रेस नेतृत्व के सामने इस संदेश को संगठन के जमीनी स्तर तक पहुंचाने और चुनावी रणनीति को अमलीजामा पहनाने की चुनौती है। बैठक में मिले सुझावों के आधार पर पार्टी आगामी चुनाव के लिए अपनी तैयारियों को आगे बढ़ाएगी।