नेता प्रतिपक्ष बाजवा ने यहां तक कहा कि महाराष्ट्र से मोहाली एयरपोर्ट पर जब विमान उतरेगा, तो उसमें सीएम भगवंत मान सबसे पहले चढ़ेंगे। बाजवा ने कहा कि उनका 45 साल का सियासी अनुभव है। वह यूं ही यह दावा नहीं कर रहे। कोई बड़ी बात नहीं कि आप पंजाब के प्रधान और कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा खुद उनके साथ कांग्रेस में आ जाएं।
इसके जवाब में कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष विधानसभा में केवल अपने 15 विधायकों के साथ एकजुट होकर फोटो खिंचावकर यह साबित कर दें कि वह उनके साथ हैं। अरोड़ा ने कहा कि असल बात यह है कि इन झूठी बयानबाजी के जरिये वह कई चीजें छिपा रहे हैं। राहुल गांधी को यह पता करना चाहिए कि आखिरकार बाजवा बीते दिनों बंगलूरू क्या करने गए थे।
बाजवा खुद भाजपा में जाने वाले हैं: अरोड़ा
कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि बाजवा अपने भाई के जरिये खुद वहां जाने की तैयारी कर रहे हैं। उनके भाई भाजपा में हैं। नेता प्रतिपक्ष ने बीते डेढ़ से दो महीने के अंदर भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की है। हालांकि, बाजवा ने कहा कि वह बंगलूरू में एक फार्म पर गए थे, जहां वह अकसर जाते रहते हैं। इस फार्म पर आप के नेशनल कन्वीनर अरविंद केजरीवाल और सीएम भगवंत मान भी जाते हैं।
आप के मंत्रियों-विधायकों की एडवांस बुकिंग शुरू
नेता प्रतिपक्ष बाजवा ने कहा कि जिस तरह दिलजीत के शो के लिए एक साल पहले से ही एडवांस बुकिंग होती है, उसी तरह आप के मंत्रियों और विधायकों की एडवांस बुकिंग शुरू हो गई है। आम आदमी पार्टी के सरकार के इस कार्यकाल के अंत से पहले उनके विधायकों और मंत्रियों ने दोबारा चुनाव लड़ने के लिए साफ रास्ता ढूंढना शुरू कर दिया है। बाजवा ने कहा कि समय आने पर वह कांग्रेस हाईकमान के जरिये उनमें से अच्छे कैंडिडेट्स के लिए बात करेंगे। जिस तरह फ्रूट मार्केट में कोई आम इंसान जाता है और वहां से अच्छे फलों को चुनता है, उसी तरह पार्टी हाईकमान उनके संपर्क में आप विधायकों का परफॉर्मेंस देखेगी।
बाजवा अगर 32 ले गए, तो भी 62 विधायकों के साथ आप सरकार सुरक्षित: अरोड़ा
आप के पंजाब के प्रधान और कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि अगर नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा के दावे को सही भी मान लिया जाए, तब भी पंजाब में आप की सरकार पूरी तरह महफूज है। आप के पास इस समय 94 विधायक हैं। 94 में से अगर 32 विधायक नेता प्रतिपक्ष बाजवा के पास चले भी जाते हैं, तो कांग्रेस के 15 विधायकों के साथ उनके पास कुल 47 विधायक होंगे। आप के पास फिर भी 62 विधायक रहेंगे, जो सरकार को बहुमत के साथ महफूज रखने में काफी हैं। दरअसल, नेता प्रतिपक्ष बाजवा के पास विधानसभा में सरकार के खिलाफ कोई मुद्दा उठाने को नहीं है, इसलिए वह बेतुके बयान देकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं।