कैप्टन अमरिंदर सिंह को ट्रक यूनियन ने घेरा।
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ट्रक यूनियन की 16वें दिन की हड़ताल में ड्राइवरों ने कैप्टन की गाड़ी घेर ली। पूर्व मुख्यमंत्री की गाड़ी को आधा घंटा रोककर रखा गया। इसके बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह ने माफी मांगकर अपनी जान छुड़ाई और ट्रक यूनियन के सदस्यों को उनकी सरकार आने पर पहल के आधार पर उनकी मांगें मानने और ट्रक यूनियनों को बहाल करने का वादा किया। इस दौरान उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
ट्रक यूनियनों के प्रधान गुरनाम सिंह, सुखविंदर सिंह बराड़ और इंदर सिंह सोढ़ी ने बताया कि उनकी एक टीम राजपुरा से कैप्टन अमरिंदर सिंह का पीछा कर रही थी। जैसे ही कैप्टन अमरिंदर का काफिला छत लाइट प्वांइट से एयरपोर्ट रोड की तरफ मुड़ा तो ट्रक यूनियन के सदस्य सड़क पर लेट गए और कैप्टन के काफिले को घेर लिया। जब तक कैप्टन अमरिंदर सिंह ने गाड़ी से नीचे उतारकर उनसे माफी नहीं मांगी तब तक उन्हें आगे नहीं जाने दिया। वहीं, उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यह तो कैप्टन थे जो इस समय सत्ता में नहीं है। इस लिए उनको जल्दी छोड़ दिया गया है। यदि पंजाब के मौजूदा सीएम चन्नी या फिर ट्रांसपोर्ट मंत्री राजा वड़िंग इस तरफ से निकलें तो उनको रात भी यहीं सड़क पर बितानी पड़ेगी।
हक लेकर ही घरों को जाएंगे वापस
ट्रक यूनियन के सदस्यों ने सीएम चन्नी को चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें जल्द न मानीं गईं तो वह आने वाले समय में पूरे पंजाब की सभी सीमाओं पर अपने ट्रक खड़े कर कोई भी सामान न तो पंजाब में आने दिया जाएगा और न ही बाहर जाने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वह भीख नहीं मांग रहे वह अपना हक मांग रहे हैं और वह अपने हक लेकर ही अपने घरों को वापस जाएंगे।