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Punjab: भारत-पाकिस्तान सीमा के पास से मिला टूटा हुआ ड्रोन, खेतों में गए किसान ने देखा, BSF ने शुरू की जांच

Thu, 01 Dec 2022 11:39 AM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, तरनतारन (पंजाब)

सार

इस साल पाकिस्तान की तरफ से भारतीय सरहद में ड्रोन मूवमेंट 80 फीसदी तक बढ़ी है। तकरीबन 260 बार ड्रोन भारतीय सरहद में दाखिल हुआ और 39 बार गिराया गया। यह इस साल का 40वां ड्रोन है।
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टूटा ड्रोन - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
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विस्तार
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तरनतारन के सीमावर्ती गांव वान में एक किसान को खेतों में गिरा हुआ ड्रोन मिला। जिसके बाद किसान ने खालड़ा पुलिस व सीमा सुरक्षा बल को इसकी सूचना दी। फिलहाल टूटे ड्रोन के हिस्सों को रिकवर करके जांच शुरू कर दी गई है।
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भारत-पाकिस्तान सीमा के पांच किलोमीटर में स्थित तरनतारन के गांव वान की वान-मरीकबोके रोड पर एक किसान सुबह खेतों में चक्कर लगाने गया था। तभी उसने खेतों में गिरे ड्रोन को देखा और इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने सीमा सुरक्षा बल को गिरे ड्रोन के बारे में बताया। यह डीजेआई मैट्रिक्स 300 आरटीके ड्रोन है, जिसे पाकिस्तान में बैठे तस्कर हेरोइन व हथियारों की खेप को भारत में भेजने के लिए इस्तेमाल करते हैं। ड्रोन टूटा हुआ था और खेतों में उसके टुकड़े कुछ मीटर एरिया में गिरे हुए थे। सभी को इकट्ठा कर जांच शुरू कर दी गई है।

सीमा सुरक्षा बल अधिकारियों का कहना है कि ड्रोन कब क्रैश हुआ, अभी स्पष्ट नहीं है। दो दिन पहले सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने ड्रोन मूवमेंट को भांप फायरिंग की थी। अनुमान है कि यह ड्रोन तभी क्रैश हुआ और सर्च के दौरान पुलिस व सीमा सुरक्षा बल की आंखों से बच गया है। फोरेंसिक जांच के बाद ही इस स्थिति का पता चल सकेगा। 
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सीमा सुरक्षा बल से मिली जानकारी के अनुसार, इस साल पाकिस्तान की तरफ से भारतीय सरहद में ड्रोन मूवमेंट 80 फीसदी तक बढ़ी है। तकरीबन 260 बार ड्रोन भारतीय सरहद में दाखिल हुआ और 39 बार गिराया गया। यह इस साल का 40वां ड्रोन है, जिसे गिराया गया है।

बॉर्डर पर 30 जगहों पर लेजर एंटी ड्रोन लगाने की तैयारी
पाकिस्तान की तरफ से बड़ी ड्रोन मूवमेंट को कंट्रोल करने के लिए लेजर एंटी ड्रोन तकनीक लगाने की तैयारी चल रही है। पंजाब बॉर्डर पर 30 जगहों को चुना गया है, जहां यह तकनीक इस्तेमाल की जाएगी।
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