अमृतसर-बटाला जीटी रोड पर मंगलवार को एक ट्रक और बस के बीच हुई आमने-सामने टक्कर में दोनों चालकों और बस में सवार छह यात्रियों की मौत हो गई। इस हादसे में 15 लोग गंभीर रुप ये घायल हो गए।
हादसा उस समय हुआ जब तेज रफ्तार ट्रक ने एक अन्य वाहन को ओवरटेक करने की कोशिश की और सामने से आ रही बस से टकरा गया। मृतकों में दो लोगों की अभी पहचान नहीं हो सकी है।
अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने घटना के बारे में बताया कि निजी बस पठानकोट से अमृतसर आ रही थी। बटाला-अमृतसर रोड पर आमतौर पर निजी बस चालकों में अधिक से अधिक सवारियां लेने की होड़ दिखाई देती है। यह जल्दबाजी भी मंगलवार को हादसे का कारण रही।
गांव सोहियां खुर्द के पास तेज रफ्तार ट्रक जब एक वाहन को ओवरटेक कर रहा था, तभी सामने से तेज गति से आ रही बस से टकरा गया। हादसे में बस और ट्रक के चालकों की मौके पर मौत हो गई जबकि छह घायलों ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ा।
मरने वालों में बटाला निवासी मनोहर लाल, शीतल शर्मा, दाऊद, अमृतसर के छेहरटा वासी प्रकाश चंद, संगरूर निवासी सतनाम सिंह (ट्रक चालक), तरनतारन का गुरजीत सिंह (बस चालक) शामिल हैं। घायलों को करीबी अस्पतालों में दाखिल कराया गया है।
थाना कम्बोके के प्रभारी अजयविंदर सिंह ने बताया कि हादसे में आठ लोगों की मौत हुई है। इनमें दो की अभी पहचान नहीं हुई है। ट्रक चालक के गलत ओवरटेक के कारण यह हादसा हुआ। निजी बस एक अकाली नेता की है।
मृतकों के परिजनों को एक-एक लाख अनुदान
दुर्घटना पर मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल, उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल और मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया ने गहरा शोक प्रकट करते हुए मरने वाले व्यक्तियों के परिवारों को एक-एक लाख रुपये देने का ऐलान किया है। घायलों का सारा इलाज सरकारी खर्च पर किया जाएगा।
पंजाब सरकार की ओर से जिला सिविल और पुलिस प्रशासन को हिदायत दी गई है कि सभी घायलों को निशुल्क सेहत सेवाएं प्रदान की जाएं। शवों को उनके घर तक पहुंचाने की व्यवस्था का जिम्मा भी स्थानीय प्रशासन को सरकारी तौर पर करने के निर्देश दिए गए हैं।