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गुरदासपुर में पनसप कर्मचारियों ने कार्यालयों पर जड़े ताले

Tue, 29 Mar 2016 09:31 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, अमृतसर
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गुरदासपुर में पनसप कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कराते पनसप मुलाजिम। - फोटो : amarujala
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पनसप के मैनेजिंग डायरेक्टर प्रीत देव शेरगिल के खिलाफ पनसप यूनियन की ओर से गुरदासपुर, अमृतसर व होशियारपुर जोन के जिला कार्यालयों पर ताले लगाकर छठे दिन भी विरोध प्रदर्शन किया गया। डीएम मंजीत सिंह के नेतृत्व में मंगलवार को कर्मचारियों ने गुरदासपुर पनसप कार्यालय के गेट में ताला लगाकर मैनेजमेंट के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया।
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प्रदर्शन के दौरान नवीन सलारिया, विपिन महाजन, कुलदीप सिंह, अमन वर्मा, रानी, अमरनाथ ने बताया कि उनकी यह लड़ाई पनसप के काम से संबंधित हैं। सही काम करने पर भी उन्हें प्रताड़ित किया जाता है, फील्ड स्टाफ को अपने काम के साथ सहायकों के बिना ही पांच से 6 मंडियों का काम करने के लिए मजबूर किया जाता है।

शनिवार रविवार व अन्य सरकारी छुट्टियों के में भी काम करने के लिए मजबूर किया जाता है। डाटा एंट्री आपरेटर के तौर पर 10-10 साल से काम करने वाले कर्मचारियों को भी उचित स्केल व तरक्की नहीं दी जा रही। ठेके पर काम करने वालों को भी पक्का नहीं किया  जा रहा। कई कर्मचारियों को 35 साल की सेवाकाल के बावजूद भी पूरे वित्तीय लाभ नहीं दिए जा रहे।
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कर्मचारियों का कहना है कि मैनेजमेंट हमेशा दूर के तबादले व चार्जशीटों का दबाव बनाकर उनसे ज्यादा काम लेता है और पनसप चंडीगढ़ के उच्चाधिकारी बिना प्राथमिक जांच के कर्मचारियों को मुअत्तल कर देते हैं। चार्जशीट की जांच भी जांच अधिकारी पर दबाव बनाकर मैनेजमेंट अपने पक्ष में करा लेता है। 

कर्मचारियों ने मांगों व समस्याओं से संबंधित ज्ञापन डिप्टी कमिश्नर के अतिरिक्त मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और मैनेजिंग डायरेक्टर पनसप चंडीगढ़ व फूड एंड सिविल सप्लाई मंत्री भेजा है।

कर्मचारियों का कहना है कि उनका यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक पनसप के उच्चाधिकारी व मैनेजमेंट अपने रवैये में बदलाव नहीं लाते हैं। इस मौके पर विनोद हरभजन सिंह, कमला, प्रेम चंद, हरबंस लाल, कस्तूरी लाल, धर्मपाल उपस्थित थे।
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