तरसेम सिंह सुबह करीब साढ़े छह बजे चाय पीकर घर से निकले थे। करीब एक घंटे बाद सूचना मिली कि वह नहर के पास सड़क पर घायल अवस्था में पड़े हैं। रिश्तेदार बलकार सिंह ने बताया कि उनके सिर और चेहरे से खून बह रहा था।
{{#eligible}}
सभी खबरें बिना रुकावट पढ़ने के लिए
अमर उजाला एप डाउनलोड करें
अमृतसर के जंडियाला मार्ग पर नहर किनारे 57 वर्षीय तरसेम सिंह का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मृतक डाक विभाग में कर्मचारी होने के साथ किराना दुकान भी चलाते थे।
विज्ञापन
वह रोजाना की तरह शुक्रवार सुबह दुकान का सामान लेने के लिए घर से निकले थे। कुछ देर बाद परिजनों को उनके सड़क पर गंभीर हालत में पड़े होने की सूचना मिली। परिजन मौके पर पहुंचे तो उनकी मौत हो चुकी थी।
विज्ञापन
मृतक की पत्नी के अनुसार तरसेम सिंह सुबह करीब साढ़े छह बजे चाय पीकर घर से निकले थे। करीब एक घंटे बाद सूचना मिली कि वह नहर के पास सड़क पर घायल अवस्था में पड़े हैं। रिश्तेदार बलकार सिंह ने बताया कि उनके सिर और चेहरे से खून बह रहा था। उनकी जेब से करीब 10500 रुपये, मोबाइल और मोटरसाइकिल सुरक्षित मिले। हालांकि मोटरसाइकिल का अगला हिस्सा और लाइट टूटी हुई थी।
परिजनों ने निष्पक्ष जांच और नहर किनारे पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि नकदी और मोबाइल सुरक्षित मिलने से घटना को लेकर संदेह बना हुआ है।
जांच अधिकारी अवतार सिंह ने बताया कि मृतक कोट खालसा के निवासी थे। प्रारंभिक जांच में शरीर पर किसी धारदार हथियार से हमले के स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं। हार्ट अटैक, मोटरसाइकिल से गिरने अथवा अज्ञात वाहन की टक्कर की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता। पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 194 के तहत आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारण स्पष्ट होंगे।