हाईकोर्ट के आदेशों का हवाला देकर गरीबों के आशियाने पर चल रहे बुल्डोजर पर कौन सी पार्टी अंदर खाते क्या सियासत कर रही है इसकी पोल वीरवार को मेयर हरचरण सिंह गोहलवढ़िया के दफ्तर में खुली।
नगर निगम टीम द्वारा गिराए गए कब्जों के मामले की जांच करने के लिए कांग्रेसी विधायक भारत भूषण आशु अपने साथी पार्षदों के दल के साथ मेयर के ऑफिस पहुंचे। मीटिंग में मेयर हरचरण सिंह गोहलवढ़िया और विधायक भारत भूषण आशु की काफी तकरार हुई।
इस दौरान विधायक आशु ने मेयर पर आरोप लगाए कि वीरवार सुबह अकाली दल के एक मंत्री ने मेयर से कहा है कि वह सिर्फ कांग्रेसी पार्षदों के वार्डों में जाकर कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि मंत्री ने अकाली दल के ही एक विधायक के घर इसकी मीटिंग की। जिसमें उन्होंने मेयर को बाड़ेवाल में कार्रवाई करने से मना किया। उन्होंने कहा कि मेयर ने वहां पर कहा है कि वह बाड़ेवाल में लोगों के साथ धक्का नहीं होने देंगे। आशु ने आरोप लगाया कि बीते दिन नगर निगम की टीम ने पुलिस के साथ आम जनता के साथ धक्का किया। इतना ही नहीं पुलिस ने पार्षदों पर भी लाठीचार्ज किया।
इसके बाद मेयर हरचरण सिंह गोहलवढ़ियां ने गुस्से में आकर कहा कि अगर वह सारी सच्चाई सबके सामने लाने लगे तो सबके लिए कठिन हो जाएगा। विधायक आशु ने कहा कि मेयर ने आश्वासन दिया था कि ऋषि नगर इलाके में कब्जे नहीं गिराए जाएंगे। देर रात मेयर को मौका देखने भी जाना था। उसके बाद विधायक आशु के साथ मीटिंग में गए पार्षदों ने मांग पत्र दिया कि जल्द से जल्द हाउस की मीटिंग बुलाई जाए ताकि वहां पर अफसरों से जवाब तलबी की जा सके। जिसके बाद मेयर ने विश्वास दिलाया कि जल्द हाउस की बैठक बुलाई जाएगी। साथ ही तब तक मेयर ने नाजायज कब्जे न गिराने की तसल्ली भी दी।