विभिन्न स्कूल, महाविद्यालय, संगीत विद्यालय, सामाजिक संगठनों और नागरिकों को छोटे-छोटे समूहों में विश्वनाथ चौक में खड़ा किया गया था। उत्तर प्रदेश ही नहीं बल्कि पश्चिम बंगाल, ओडिसा, मणिपुर और असम के लोगों ने भी पारंपरिक परिधान धारण कर शंखनाद किया। उद्घाटन प्रदेश के पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी, एनसीजेडसीसी के निदेशक प्रो. सुरेश शर्मा, डॉ. गौरी बासु और विद्यासागर राय ने किया।