डॉक्टर का इलाज करते मरीज
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ओपीडी, जांच, ऑपरेशन का गिरा ग्राफ :
हड़ताल का असर यह रहा कि ओपीडी, जांच और ऑपरेशन की संख्या भी कम हो गई है। ओपीडी में पर्चा जमा करने के बाद मरीजों और तीमारदारों को डॉक्टर से मिलने के लिए काफी देर तक इंतजार करना पड़ा। ओपीडी में रेजीडेंटों के रहने से जहां 200 से 300 मरीज देखे जाते थे, वहीं कई विभागों की ओपीडी 150 से 200 तक ही रह गई है। इसके अलावा जांच और ऑपरेशन का ग्राफ पिछले तीन दिन में तेजी से गिरा है। सोमवार और मंगलवार को जहां क्रमश: 83 और 40 ऑपरेशन हुए, वहीं बुधवार को 33 ऑपरेशन हो सके। इसके अलावा सोमवार को 3022 और मंगलवार को 2622 लोगों की जांच के सापेक्ष बुधवार को केवल 2122 लोगों की जांच हुई। इसके अलावा वार्डों में भर्ती मरीजों की संख्या में कमी आई है।