अयाज कुरैशी के मकान में आग लगने के दौरान पहली मंजिल पर मौजूद कुछ परिजन और रिश्तेदार जान बचाने के लिए ऊपरी मंजिल की ओर भागे तो अयाज कुरैशी की पत्नी शमा परवीन बेटे इबाद, बेटी नाफिया, मां कमर आरा और भांजी उमैमा जीने से नीचे जाने वाली सीढ़ियों की ओर। उन्हें नीचे की ओर आता देख बाहर से मौजूद दमकल और पुलिस कर्मी और भीड़ ऊपर जाओ..ऊपर जाओ कहती रही लेकिन शायद घबराहट में वह उनकी आवाज नहीं सुन पाए। आखिर आग की लपटों ने पांच को अपनी घेर लिया। लोगों के शोर में उनकी चीख भी नहीं सुनाई दी।