Police training Meerut
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बदलाव भी आए
एसपी लाइन/ट्रैफिक जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि पुलिस की ट्रेनिंग में कई बदलाव आए हैं। हालांकि शारीरिक प्रशिक्षण, बलवा ड्रिल, परेड सेल्यूट और सलामी आज भी अंग्रेजी राज के हैं। परेड, सेल्यूट और सलामी की ट्रेनिंग सिपाही से लेककर आईपीएस के लिए बराबर है।
घुड़सवार की ट्रेनिंग के अतिरिक्त अब मोटर व्हीकल की ट्रेनिंग दी जा रही है। इनके अतिरिक्त कंप्यूटर, साइबर अपराध महत्वपूर्ण होता जा रहा है। जवानों में फिटनेस पैदा करना, शारीरिक व मानसिक मजबूती, कठिन समय में उचित निर्णय लेने का प्रशिक्षण दिया जाता है। आज पीआर, साइबर क्राइम की ट्रेनिंग का पार्ट अहम हो गया है।