निर्भया गैंगरेप केस के चार दोषियों को 22 जनवरी को सुबह 7 बजे फांसी दी जाएगी। तिहाड़ जेल नंबर-3 में दोषियों को फांसी देने की तैयारियां जारी हैं। वहीं फांसी की प्रक्रिया को लेकर अलग-अलग भ्रांतियां है। इस संबंध में यूपी के पूर्व डीजीपी ने फांसी देने की प्रक्रिया को लेकर सोशल मीडिया पर विशेष जानकारी साझा की। कानूनी प्रावधान के अनुरूप फांसी देने की प्रक्रिया से जुड़े ये महत्वपूर्ण तथ्य आप शायद ही जानते हों: -
उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी के मुताबिक मृत्यु-दण्ड क्रियान्वित करने के तरीकों पर सुप्रीम कोर्ट विचार कर चुका है और यह पाया है कि फांसी सबसे कम तकलीफ और क्रूरता वाला तरीका है। इसमें दोषी की तत्क्षण मृत्यु हो जाती है। गोवा में सत्तर के दशक में एक बार इस पर जांच एवं अध्ययन किया गया था।