फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: भ्रष्टाचार की पोल खोलने वाले मंत्री का 'लेटर बम' फेल, पलट गया इस्तीफे का फैसला, अब दिया ये बड़ा बयान

Thu, 21 Jul 2022 07:10 PM IST
Dimple Sirohi अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
विज्ञापन
1 of 5
जल शक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक - फोटो : अमर उजाला
जल शक्ति मंत्री दिनेश खटीक ने गुरुवार को लखनऊ में योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की तो इस्तीफे का फैसला पलट गया। जहां बुधवार को दिनेश खटीक ने खुले पत्र को वायरल कर उत्तर प्रदेश की राजनीति में भूचाल ला दिया था तो वहीं गुरुवार को एक मीटिंग में ही इतना बड़ा फैसला बदल गया। अब लोगों के मन में सिर्फ यह ही सवाल चल रहा है कि आखिर मंत्री दिनेश खटीक ने ऐसा क्यों किया और फिर मान भी गए। यही नहीं सीएम योगी के साथ मीटिंग करने के बाद दिनेश खटीक ने कहा कि सभी बातें योगी आदित्यनाथ के सामने रख दी हैं। मुख्यमंत्री ने सभी बातों को सुनकर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। वहीं चलते-चलते उन्होंने कहा कि वे विभाग में बने रहेंगे और काम करते रहेंगे। 

मंत्री दिनेश खटीक ने गुरुवार को पत्र लिखकर सरकार की कार्यप्रणाली और विभाग में हो रहे भ्रष्टाचार की पोल खोली थी। उन्होंने पत्र में लिखा था कि 'नमामि गंगे' और 'हर घर जल योजना' में नियमों की अनदेखी कर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार किया जा रहा है। लेकिन कुछ घंटों बाद लेटर बम फेल हो गया और उनके इस्तीफे को भी नामंजूर कर दिया गया है।
विज्ञापन

2 of 5
जल शक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक - फोटो : अमर उजाला
दिनेश खटीक ने लिखा था कि जल शक्ति विभाग में दलित समाज का राज्यमंत्री होने के कारण मेरे किसी भी आदेश पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती है। यही नहीं मुझे किसी बैठक की सूचना भी नहीं दी जाती है। लिखा था कि विभाग में कौन-कौन सी योजनाएं वर्तमान में संचालित हैं, उन पर क्या कार्रवाई हो रही है, इन मामलों में अधिकारियों द्वारा कोई जानकारी नहीं दी जाती। इसी कारण राज्यमंत्री को विभाग के बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं हो पाती है।
विज्ञापन

3 of 5
जल शक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने पत्र में यह भी लिखा था कि संबंधित विभाग के अधिकारी राज्यमंत्री को केवल विभाग द्वारा गाड़ी उपलब्ध करा देना ही राज्यमंत्री का अधिकार समझते हैं। उन्होंने लिखा था कि इस विभाग में स्थानांतरण सत्र में बहुत बड़ा भ्रष्टाचार किया गया।

4 of 5
जल शक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने पत्र में लिखा कि इस मामले में अधिकारियों से जानकारी मांगी गई तो उन्होंने अभी तक कोई सूचना नहीं दी। वहीं विभागाध्यक्ष से फोन पर भी सूचना देने के लिए कहा गया लेकिन कोई जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
जल शक्ति राज्यमंत्री दिनेश खटीक - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने आरोप लगाया था कि प्रमुख सचिव अनिल गर्ग ने मेरी पूरी बात सुने बिना ही फोन बीच में काट दिया था। उन्होंने कहा ऐसे बिना बात सुने ही फोन काट देना एक राज्यमंत्री का बहुत बड़ा अपमान है। उन्होंने लिखा था मैं एक दलित जाति का मंत्री हूं इसलिए इस विभाग में मेरे साथ बहुत ज्यादा भेदभाव किया जा रहा है। मुझे विभाग में अभी तक कोई अधिकार नहीं दिया गया है, इसलिए मेरे पत्रों का जवाब नहीं दिया जाता। मेरे द्वारा लिखे गए पत्रों पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें